ग्रामीण इलाकों में प्रतिभाओं की कमी नहीं है। बस बिना सुविधाओं के भी सफलता हासिल करने का जज्बा व उद्देश्य होना चाहिए। कोसली निवासी रिंकी सिंगला ने चरितार्थ करके दिखाया। शुक्रवार शाम यूपीएससी के घोषित परिणाम में रिंकी द्वारा 23वां रैंक हासिल किया। रिंकी के चचेरे बड़े भाई अजय सिंगला ने बताया कि उन्होंने मैट्रिक व सीनियर सेकेंडरी की शिक्षा कोसली के ग्रामीण अंचल से ग्रहण करके पंजाब यूनिवर्सिटी से आगे की शिक्षा स्नातक व स्नातकोत्तर पूरी करते हुए लक्ष्य की ओर बढ़ना जारी रखा। 2017 में नेट की परीक्षा पहली बार में ही 27वें रैंक से पास की, उसके बाद 2019 में गेट की परीक्षा में भी पहली बार में ही सफलता हासिल की। लगातार सफलताओं से बुलंद हौसले रखने वाली रिंकी ने 3 दिसंबर को यूपीएससी के जीईओ साइंटिस्ट की परीक्षा के घोषित रिजल्ट में 23वां रैंक हासिल कर अपने जीवन के लक्ष्य को हासिल किया। रिंकी ने अपनी सफलता का श्रेय अपने माता-पिता के साथ चाचा-चाची के अलावा अपने गुरुजनों को दिया। रिंकी के पिता भगवान नजदीकी गांव में परचून की दुकान चलाते हैं उनकी माता किरण देवी गृहिणी है। बड़ी बहन पिंकी के अलावा दो भाई हैं जिनको शिक्षित करने का जिम्मा रिंकी ने संभाला हुआ है।