संवाद न्यूज एजेंसी
रेवाड़ी। शहर के रोडवेज बस डिपो के बेड़े में लंबे समय के बाद मंगलवार शाम को दस और नई मिनी बसें शामिल की गई हैं। लेकिन पांच बसों को कंडम घोषित कर दिया गया है। हालांकि, जून तक बेड़े में शामिल कुल 177 बसें होने की उम्मीदें हैं। जिससे रोडवेज प्रबंधन को काफी हद तक राहत मिलेगी।
बता दें कि डिपो में फिलहाल 30 किलोमीटर स्कीम की बसों सहित कुल 123 ही बसें मौजूद थी, जिस कारण यात्रियों को काफी परेशानी आ रही थी। अधिकारियों ने बताया कि परिवहन विभाग की ओर से डिपो में बसों का बेड़ा 177 निर्धारित किया हुआ है। लेकिन काफी लंबे समय से बसों की कमी चल रही है, ऐसे में इस साल जून के महीने तक पूरी 177 बसें बेड़े में शामिल होने की उम्मीद है। पहले बेड़े में रोडवेज की 98 बसें शामिल थी, जिनमें 89 बड़ी लंबे रूटों पर चलने वाली 52 सीटर बस और 9 लोकल रूटों पर चलने वाली 32 सीटर मिनी बसें शामिल थी। इसके अलावा 30 किलोमीटर स्कीम के तहत चलने वाली बसें शामिल थी। इन बसों में से रोडवेज की पांच बसों को कंडम घोषित कर दिया गया है। मंगलवार शाम को 10 नई ग्रामीण सेवा वाली मिनी 32 सीटर बसों को शामिल किया गया, जिससे अब बेड़े में कुल 133 बसें हो गई हैं। इन नई बसों के बेड़े में आ जाने से जहां बंद पड़े कई ग्रामीण रूटों पर पुन: संचालन आरंभ हो सकेगा, वहीं रूटों पर बसों के फेरों की संख्या भी बढ़ाई जाएगी।
ग्रामीण रूटों पर चलेंगी नई मिनी 10 बसें
बता दें कि रोडवेज डिपो को मिली नई 10 मिनी बसें 32 सीटर हैं। जिनका संचालन ग्रामीण रूटों पर किया जाएगा। इस ग्रामीण यात्रियों को काफी राहत मिलेगी। नई 10 बसों के बेड़े में शामिल होने से ग्रामीण रूटों के फेरे बढ़ाए जाएंगे। विभाग की ओर से इन बसों को ताकड़ी, राजगढ़, महेन्द्रगढ़, कनीना, कोसली, मानेसर, गुरूग्राम, धारूहेड़ा, बहरोड़, जाटूसाना, खोरी, मीरपुर, बीकानेर, गोकलगढ़, मनेठी, कुंड, बावल, बिठवाना, जेतड़ावास, सुलखा, बालावास भड़ंगी व अन्य ग्रामीण रूटों पर चलाई जाएंगी।
संकरे रास्तों पर आसानी से चलेंगी ये बसें
अधिकारियों ने बताया कि रोडवेज की बड़ी 52 सीटर बसों को गांवों में कई संकरे रास्तों में चलाने पर चालक को काफी परेशानी होती थी लेकिन अब इन 32 सीटर 10 बसों को बड़ी बस की अपेक्षा आसानी से गलियों में घुमाया जा सकेगा। इससे चालक को काफी राहत मिलेगा। वहीं छोटे-छोटे रास्तों से बस को निकालने में ज्यादा समय खर्च भी नहीं होगा, जिससे यात्रियों का समय भी बच सकेगा।
डिपो को मिलेगा 80 हजार से ज्यादा का राजस्व
रोडवेज बेड़े में 10 नई बसें शामिल होने से विभाग को 80 हजार से ज्यादा का राजस्व प्राप्त होगा। इन सभी बसों में प्रतिदिन 2 हजार से ज्यादा यात्री सफर कर अपने गंतव्य तक पहुंच सकेंगे। इससे न केवल यात्रियों को फायदा होगा बल्कि उन सभी छात्रों को भी फायदा होगा जो रोडवेज के लिए चालक व परिचालक की तैयारी कर रहे हैं। इससे साथ ही महत्वपूर्ण रूटों पर बसों के फेरे घटाए जाने की उम्मीद है। बता दें फिलहाल विभाग को 12 लाख का राजस्व मिल रहा है।
डिपो को दस नई मिनी ग्रामीण सेवा की बसें मिली हैं। कागजी कार्यवाही पूरी होने के पश्चात ग्रामीण रूटों पर मिनी बसों का संचालन किया जाएगा। पर्याप्त संख्या में ग्रामीण रूटों पर बसों का संचालन होने से निश्चित ही यात्रियों को राहत मिलेगी।
- नरेंद्र कुमार, कार्यशाला प्रबंधक बस डिपो रेवाड़ी।