रेवाड़ी। जिले में 351 निजी स्कूल संचालित हो रहे हैं। इन स्कूलों में 550 बसें ऐसी हैं जिनकी फिटनेस ठीक नहीं है। ये बसें पुरानी हो चुकी हैं। परिवहन विभाग के नियमों का पालन नहीं कर रही हैं। इसकी सूची शिक्षा विभाग के पास आई है।
वहीं शनिवार को जिला शिक्षा अधिकारी महेंद्र सिंह ने सभी निजी विद्यालयों के संचालकों और मुखियाओं के साथ बैठक की। इसमें जिला शिक्षा अधिकारी ने कहा कि 10 दिन के अंदर सभी स्कूल बसों की जांच कराने के साथ ही नियमित मॉनिटरिंग करेंगे। छुट्टी के दिन कोई निजी स्कूल खुला तो मान्यता रद्द की जाएगी।
शिक्षा विभाग ने इसके लिए निर्देश भी जारी कर दिए हैं। उन्होंने कहा कि सरकारी अवकाश के दिन विभाग की तरफ से निरीक्षण किया जाएगा। ऐसे में अगर कोई स्कूल खुला मिला तो उसे बंद करवा दिया जाएगा। साथ ही स्कूल के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। कहा कि बस में ड्राइवर के साथ कंडक्टर रखना अनिवार्य होने के साथ ही उसे प्राथमिक चिकित्सा की भी जानकारी होनी चाहिए।
इंसेट
स्कूलों को देना होगा शपथ पत्र
क्षेत्रीय परिवहन प्राधिकरण की तरफ से स्कूल बसों का फिटनेस का शपथ पत्र देने का निर्देश दिया गया है। वहीं विभाग की तरफ से फिटनेस जांच के लिए कमेटी भी गठित की गई है। यह कमेटी स्कूलों में जाकर स्कूल वाहनों की जांच करेगी।
वर्जन
शनिवार को निजी विद्यालयों के संचालकों के साथ बैठक की गई। इसमें निर्देश दिए गए कि उन्हें सभी सरकारी नियमों का पालन करना होगा। अगर ऐसा नहीं किया जाता है तो संबंधित स्कूलों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। - महेंद्र सिंह खनगवाल, जिला शिक्षा अधिकारी