रेवाड़ी। शहर में बंदरों के आतंक से लोग परेशान हैं। इसी क्रम में न्यायालय ने नप ईओ और डीएमसी को 18 मई को अपना पक्ष रखने के लिए नोटिस जारी किया है। वरिष्ठ अधिवक्ता और सीएलजी समिति के अध्यक्ष वकील सुनील भार्गव ने एक शिकायत रेवाड़ी शहर के अंदर हो रहे बंदरों के आतंक को लेकर सेक्टर 4, लक्ष्मी नगर व नारनौल रोड को लेकर डाली थी। इसमें पब्लिक यूटिलिटी कोर्ट के अध्यक्ष जग भूषण गुप्ता ने फैसला 2 नवंबर 2023 में सुनाया था। अदालत ने नगर परिषद को 2 माह में बंदरों को पकड़ने के आदेश दिए थे। भार्गव ने बताया कि 2 माह बीतने के बाद भी जब नगर परिषद द्वारा बंदरों के आतंक से मुक्ति नहीं मिली तो इसी को लेकर एक याचिका सिविल जज सीनियर डिवीजन रूपा की रेवाड़ी कोर्ट में दायर की है। भार्गव ने कहा है कि दो माह बीतने के बाद भी बंदरों के आतंक से छुटकारा नहीं मिला। साथ ही कोर्ट के आदेश की पालना न करने पर याचिका दायर की है। न्यायालय ने नप ईओ और डीएमसी को 18 मई को अपना पक्ष रखने के लिए नोटिस जारी किया है। संवाद