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Rewari News: सत्ता पक्ष ने सराहा तो विपक्ष ने बताया लोगों की जेब खाली करने वाला बजट

Thu, 02 Feb 2023 12:08 AM IST
रोहतक ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
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संवाद न्यूज एजेंसी
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रेवाड़ी। केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने संसद में केंद्र सरकार के आम बजट को पेश किया। बजट की सत्ता पक्ष ने जमकर तारीफ, लेकिन विपक्ष ने महंगाई वाला, मध्यम वर्ग व किसान की जेब खाली करने वाला बजट बताया।
पूर्व वित्त मंत्री कैप्टन अजय सिंह यादव ने कहा कि यह बजट मध्यम वर्ग, किसान, मजदूर की जेब खाली करने वाला बजट है और इस बजट से महंगाई ब और उद्योगपति की जेब भरेगी। इस बजट में मध्यम वर्ग का बिल्कुल भी ध्यान नहीं दिया गया, जो देश में सबसे ज्यादा टैक्स भरते हैं। रोजगार पर कोई फोकस रहा ही नहीं किसानों और स्वास्थ्य सेवाओं को भी अनदेखा किया है। नौकरी पेशा लोगों को टैक्स में कोई खास छूट नहीं दी गई है। मात्र 3 लाख सालाना आय पर कोई टैक्स नहीं है, लेकिन आज के समय में तो एक छोटी सी प्राइवेट कंपनी का कर्मचारी भी साल में 3 लाख से ज्यादा कमाता है। 15 लाख से ऊपर की आय पर 30 प्रतिशत का टैक्स देना होगा।
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देश की गति को और तेज करने वाला है बजट
आम बजट की जमकर सराहना करते हुए इसे आम आदमी, नौकरीपेशा, किसान, व्यापारी, कर्मचारी, महिला, दुकानदार सहित सभी वर्गों के लिए हितकारी बताते हुए देश की गति को और तेज करने वाला बताया। आयकर लिमिट को पांच लाख से बढ़ाकर सात लाख रुपये कर मध्यम वर्ग व नौकरी पेशा आदमी को बड़ी राहत प्रदान की गई है। सरकारी एजेंसियों द्वारा अब पैन कार्ड भी पहचान पत्र के रूप में मान्य किए जाने पर भी मुहर लगाई गई है। अर्बन डेवलपमेंट पर खर्च करने के लिए दस हजार करोड़ की बड़ी राशि का प्रावधान किया गया है। रेलवे की गति बढ़ाने के लिए 2.5 लाख करोड़ खर्च किए जाएंगे। बुजुर्गों की सेविंग लिमिट 30 लाख रुपये करने व महिलाओं को दो वर्ष की दो लाख की सेविंग पर 7.5 फीसदी ब्याज देकर बड़ी राहत दी गई है।
-लक्ष्मण सिंह यादव, कोसली विधायक

सरकार का अमृत बजट
समाज के हर वर्ग को ध्यान में रखते हुए अमृत बजट प्रस्तुत किया गया है। गरीबों का ध्यान रखते हुए गरीब खाद्यान्न योजना 1 साल के लिए बढ़ाई गई है। प्रति व्यक्ति आय दोगुनी से अधिक बढ़कर 1.97 लाख रुपये हो गई है। इन 9 वर्षों में भारतीय अर्थव्यवस्था आकार में 10वें से 5वें स्थान पर पहुंच गई है।
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-डॉ. अरविन्द यादव, अध्यक्ष, हरियाणा पर्यटन निगम

महंगाई को तो वित्त मंत्री भूल ही गई। महंगाई को काबू पाने के लिए सरकार क्या कदम उठाएगी। वहीं बजट में रक्षा खर्च बढ़ाना चाहिए था, लेकिन शायद सरकार को देश के जवानों की परवाह नहीं है। बेरोजगारों के लिए कोई ध्यान नहीं दिया गया, जबकि बेरोजगारों के लिए बेरोजगारी भत्ता दिया जाना चाहिए था। वहीं मनरेगा की ओर भी वित्त मंत्री ने ध्यान नहीं दिया।
राजपाल यादव, अध्यक्ष इनेलो जिला अध्यक्ष
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