संवाद न्यूज एजेंसी
रेवाड़ी। गांव कान्हावास में साइबर अपराधियों ने एक व्यक्ति को वर्क फ्रॉम होम में अच्छी कमाई कराने का लालच देकर उसके 17 लाख 18 हजार रुपये ठग लिए। शातिर ने पहले पीड़ित के पास कमीशन के तौर पर कुछ पैसे भी भेजे। कमाई होती देख पीड़ित ने बैंक से लोन लेकर रकम उसमें लगा दी और बाद में पता चला कि वह ठगी का शिकार हो गया। कसौला थाना पुलिस ने धोखाधड़ी का मामला दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी है।
पुलिस को दी शिकायत में गांव कान्हावास निवासी सुधीर कुमार ने बताया कि वो एक प्राइवेट कंपनी में नौकरी करते हैं। जनवरी माह में उसके पास टेलीग्राम एप के जरिए एक मैसेज आया। जिसमें वर्क फ्रॉम होम के जरिए घर बैठे ही काम करने पर अच्छा कमीशन मिलने दिखाया गया था। सुधीर ने एप के जरिए शातिर से संपर्क साधा और फिर वर्क फ्रॉम शुरू कर दिया। पहली बार में उसे कमीशन के तौर पर कुछ पैसे भी भेजे। जिससे वह लालच में आ गया। सुधीर ने बताया कि आरोपियों ने उसे एक ग्रुप में एड कर दिया। जिसका नाम स्काई स्कैनर वर्ल्ड ट्रैवल 6730 था। उसके ग्रुप में करीब 30 सदस्य थे। 6 जनवरी को पहली बार उसे काम शुरू करने से पहले 10 हजार रुपये जमा कराए गए। जिसके जरिए उससे टिकट बुकिंग का काम कराया गया। काम पूरा होने के बाद उसे 19 हजार 696 रुपये भेजे गए। अगले दिन फिर से उसे 10 हजार जमा कराए और काम करते हुए उसे एक गिफ्ट कूपन मिला। ज्यादा कमीशन पाने के लिए 31 हजार 655 रुपये जमा करने के लिए कहा। जिसके बाद उसे फिर से मोटा कमीशन मिला।
इस तरह वह लालच में फंसता चला गया। जून तक उसने कंपनी में 17 लाख 18 हजार 66 रुपये लगा दिए। कार्य पूरा करने साथ ही कुल 20 लाख 18 हजार रुपये से ज्यादा कमीशन सहित रकम हो गई। इसके बाद सुधीर ने पैसे निकालने के लिए आवेदन किया तो उससे कहा गया कि कुल राशि का 50 प्रतिशत पैसा सिक्योरिटी डिपोजिट के लिए जमा कराना होगा। सुधीर ने पैसे जमा कराने से मना कर दिया। बाद में उसके बाद बार-बार मैसेज भेजे गए कि 50 प्रतिशत जमा कराओगे तो पैसे मिलेंगे। जिससे उसे शक हुआ और उसे ठगी का पता चलते ही पुलिस को शिकायत दी गई। कसौला थाना पुलिस ने धोखाधड़ी का केस दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी है।