संवाद न्यूज एजेंसी
रेवाड़ी। चंढ़ीगढ़-बांद्र एक्सप्रेस ट्रेन में एक फाइनेंसर का गहनों से भरा बैग काट कर चोर साढ़े 7 तोला सोना और आधा किलो चांदी के आभूषण चोरी कर ले गए। फाइनेंसर अपने परिवार के साथ चंडीगढ-बांद्रा एक्सप्रेस ट्रेन से रेवाड़ी में मामा के बेटे की शादी में शामिल होने आए थे। जीआरपी ने चोरी का केस दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी है।
मुंबई के बांद्रा इस्ट में रहने वाले योगेश बासवाला ने बताया कि वह एक फाइनेंसर हैं। उसके मामा के लड़के मोनू की रेवाड़ी के गांव बलवाड़ी में 28 नवंबर को शादी है। इसी शादी में शामिल होने के लिए वह अपनी पत्नी रजनी और मां इमरती देवी के साथ चंडीगढ़-बांद्रा एक्सप्रेस ट्रेन के एसी कोच नंबर ए-2 में सफर कर रहे थे। उन्हें रेवाड़ी स्टेशन पर उतरना था। उनके पास कुल 6 बैग थे। एक लाल रंग के बड़े बैग में 5 लाख रुपये कीमत के करीब साढ़े 7 तोला सोने के गहने और आधा किलो चांदी के आभूषण रखे हुए थे। ज्यादा सामान होने के कारण जब ट्रेन नारनौल के पास पहुंची तो उन्होंने पहले ही सारे बैग एकत्रित कर कोच के गेट के पास रख लिए। योगेश ने बताया कि उस वक्त 6-7 बंदे गेट के पास ही खड़े हुए थे।
बताया कि ट्रेन जैसे ही रेवाड़ी जंक्शन पर पहुंची तो सामान उतारना शुरू कर दिया। स्टेशन पर उनके मामा का छोटा लड़का सोनू उन्हें सियाज कार से लेने आया था। योगेश पत्नी रजनी, मां इमरती देवी के साथ सारे बैग सोनू की गाड़ी में रखकर गांव बलवाड़ी चले गए। वहां जाकर देखा तो लाल रंग वाला बैग कटा हुआ था। उसी में गहने रखे हुए थे। योगेश ने बताया कि बैग से 3 तोला सोने का मंगलसूत्र, 4 तोला सोने के 2 हार, 2 सोने की अंगूठी के अलावा आधा किलो चांदी के आभूषण रखे हुए थे। बैग खोलकर चेक किया तो सारे आभूषण गायब मिले।
पुलिस ने की एफआईआर दर्ज
योगेश अपने मामा के लड़के के साथ वापस रेवाड़ी जीआरपी थाना पहुंचे। योगेश का आरोप है कि पुलिस ने शिकायत दर्ज करने की बजाए टरकाने की कोशिश की। पुलिस ने ये भी तर्क दिया कि पहले वो कैमरा चेक करेंगे कि आखिर बैग से गहने चोरी भी हुए या नहीं। हालांकि, योगेश का कहना है कि जब उसने रेलवे के उच्च अधिकारियों से संपर्क किया तो पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर ली।