रेवाड़ी। बावल में आयोजित चुनावी चौपाल में मंथन करते आमजन। संवाद
बावल। लोकसभा चुनाव में रोजगार के मुद्दे ही गायब हैं। इससे लोगों में आक्रोश है। बावल औद्योगिक क्षेत्र होने की वजह से काफी महत्व रखता है। रोजगार के मुद्दे पर बात न होने की वजह से युवा वर्ग काफी नाराज है।
बावल में आयोजित चुनावी चौपाल में लोगों ने अपने-अपने विचार रखे। बिजेंद्र ने बताया कि बावल में कई बड़ी कंपनियां हैं। स्थानीय लोगों को रोजगार नहीं मिल पा रहा है। बावल क्षेत्र के लोगों के लिए यह चिंता का विषय है। उन्हें रोजगार के लिए अन्य जगहों पर जाना पड़ता है। सरजीत ने बताया कि रोजगार की दृष्टि से स्थानीय लोगों के लिए कोई भी हितकारी कार्य नहीं किए गए हैं।
चुनाव में रोजगार का मुद्दा लोगों के लिए काफी अहम है, लेकिन इस पर कोई भी बात भी नहीं की जा रही है। ओमवीर ने बताया कि बावल औद्योगिक क्षेत्र होने के बावजूद काफी पिछड़ा है। यह बिल्कुल भी उचित नहीं है। इस पर ध्यान देने की जरूरत है। इस बार वोट उसी को दिया जाएगा जो उनके हितों की बात करेगा।
किसान राजू ने बताया कि खाद के दामों में बढ़ोतरी हो गई है। साथ ही खाद के कट्टे का वजन लगातार कम किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि किसानों के कृषि उपकरणों पर भी टैक्स लगा दिया गया है। जोकि उचित नहीं है। किसान वैसे भी काफी परेशान हैं।
इंसेट
अग्निवीर योजना से युवा वर्ग दुखी
राकेश, राजू, पप्पन ने बताया कि अग्निवीर योजना से युवाओं का भविष्य अंधकारमय हो गया है। इससे युवाओं को अपना भविष्य उज्ज्वल नहीं दिखाई दे रहा है। बेरोजगारों की फौज खड़ी कर दी गई है। नेता तो 70 साल तक चुनाव लड़ते हैं और पेंशन लेते हैं। जबकि अग्निवीर बने युवाओं को 4 साल बाद छोड़ दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि वह अग्निवीर योजना को ध्यान में रखकर मतदान करेंगे।