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Rewari: झोटा गैंग का सरगना राजकुमार झोटा गिरफ्तार, दो माह से चल रहा था फरार, रेवाड़ी सीआईए और पुलिस को सफलता

Tue, 02 Aug 2022 04:08 PM IST
निवेदिता वर्मा संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी

सार

धारूहेड़ा चुंगी निवासी रवि उर्फ आलू व संघी का बास निवासी राजकुमार उर्फ झोटा पहले एक साथ ही काम करते थे। इन दोनों के बीच वर्ष 2008 में पहली बार झगड़ा हुआ था।
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arrest symbol - फोटो : amar ujala
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विस्तार
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रेवाड़ी सीआईए और शहर थाना पुलिस ने झोटा गैंग के सरगना राजकुमार उर्फ झोटा को गिरफ्तार कर लिया है। झोटा पिछले दो महीने से फरार चल रहा था। आठ जून की रात को शहर की धारूहेड़ा चुंगी के पास आलू और झोटा गैंग के बीच ताबड़तोड़ फायरिंग हुई थी। दोनों तरफ से 20 से ज्यादा राउंड फायर किए गए थे, जिनमें दोनों गैंग के 5 सदस्यों के अलावा एक राहगीर को गोली लगी थी।
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वारदात के अगले ही दिन पुलिस ने आलू गैंग से जुड़े दो बदमाशों राकेश उर्फ राका और मियां को गिरफ्तार कर लिया था। दोनों गैंग के खिलाफ हत्या के प्रयास सहित विभिन्न धाराओं में केस दर्ज किया था। शहर के मोहल्ला संघी का बास निवासी राजकुमार उर्फ झोटा के खिलाफ भी एफआईआर दर्ज हुई थी, लेकिन वह फरार हो गया था। सोमवार देर रात सीआईए और सिटी पुलिस ने मिलकर राजकुमार उर्फ झोटा को गिरफ्तार कर लिया। हालांकि अभी यह साफ नहीं हो पाया है कि झोटा की गिरफ्तारी किस एरिया से हुई। शहर थाना प्रभारी संजय कुमार ने झोटा की गिरफ्तारी की पुष्टि जरूर की है, लेकिन इससे ज्यादा जानकारी उन्होंने शेयर नहीं की।

वर्ष 2008 में शुरू हुई थी रंजिश

धारूहेड़ा चुंगी निवासी रवि उर्फ आलू व संघी का बास निवासी राजकुमार उर्फ झोटा पहले एक साथ ही काम करते थे। इन दोनों के बीच वर्ष 2008 में पहली बार झगड़ा हुआ था। बात इतनी बढ़ गई थी कि आलू गैंग के बदमाशों ने कुख्यात झोटा को शहर की पंजाबी धर्मशाला के पास बेरहमी से पीटा और मरा समझकर चले गए। हालांकि झोटा इस हमले में बच गया था। इसके बाद से दोनों के अलग-अलग गैंग बने और गैंगवार शुरू हो गया।

दोनों गैंग के कई बदमाशों की हो चुकी हत्या

गैंगवार के चलते आलू और झोटा गैंग के बीच कई बार खूनी संघर्ष हो चुका है। झोटा गैंग ने 2014 में कुख्यात बदमाश रवि उर्फ आलू की हत्या कर दी थी। इसके बाद आलू गैंग ने झोटा गैंग के बदमाश संजय उर्फ चवन्नी के अलावा एक अन्य बदमाश का मर्डर कर दिया था। इसके अलावा कुख्यात बदमाश झोटा पर भी जानलेवा हमला हुआ था। 8 जून की रात हुई वारदात से कुछ दिन पहले ही झोटा जमानत पर जेल से बाहर आया था, जबकि आलू गैंग का सरगना सुनील ढुलगच मर्डर केस में सजा होने पर जेल में बंद है। दोनों ही गैंग के कुछ गुर्गे फिलहाल बाहर हैं। 

जरायम की दुनिया में वर्चस्व कायम करने की कोशिश 

रेवाड़ी में जरायम की दुनिया में बादशाह बनने के लिए कई गैंग एक्टिव हुए, लेकिन इन गैंग के ज्यादातर सरगना का मर्डर हो गया या फिर बचे हुए जेल में हैं। रेवाड़ी में वर्चस्व कायम करने के लिए फिलहाल एक्टिव दो बड़ी आलू और झोटा गैंग के बीच कई बार टकराव हुआ। छोटी-सी रंजिश से शुरू हुई कहानी में दोनों ही गैंग के सरगना ने एक दूसरे का खून करने तक की खुन्नस पाले हुए हैं। इसकी भेंट आलू गैंग का सरगना रवि उर्फ आलू चढ़ गया। वहीं दोनों ही गैंग के कई गुर्गे भी मारे जा चुके हैं।
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