कार चालक ने मारी टक्कर, अस्पताल में इलाज मिला न पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज की
अमर उजाला ब्यूरो
रेवाड़ी। पुलिस अधिकारियों के निर्देश भले ही शिकायत मिलते ही प्राथमिकी दर्ज किए जाने के हों, लेकिन पुलिस सुधरने का नाम नहीं ले रही है। मामला शहर मोहल्ला रामबास निवासी एक बुजुर्ग का है, जिसको एक कार चालक ने टक्कर मार दी, जिससे उसको चोट लगी और पसलियों में भी फ्रेक्चर आ गया। सिस्टम का आलम यह है कि अस्पताल में चिकित्सकों ने उसे भर्ती करने की बजाय महज दर्द की दवा देकर टरका दिया और पुलिस आरोपी कार चालक के खिलाफ शिकायत ही नहीं ले रहे हैं। पीड़ित बुजुर्ग ने पुलिस अधीक्षक को शिकायत देकर कार्रवाई की मांग की है। मोहल्ला रामबास निवासी रमेशचंद ने बताया कि वह भाड़ावास चौक पर बर्गर की रेहड़ी लगाकर अपने परिवार का पेट पालता है। 15 दिसंबर को वह सुबह भाड़ावास चौक से बर्गर खरीदकर ला रहा था। इसी दौरान अग्रसेन चौक पर उसको एक कार चालक ने टक्कर मार दी। टक्कर की वजह से उसके पैर पर चोट लगी और गिरने की वजह से छाती में भी चोट लगी। इसके बाद आसपास के लोगों ने कार के नंबर नोट कर लिया और उसके पड़ोसी ने उसको अस्पताल पहुंचाया। पीड़ित ने बताया कि अस्पताल में कार्यरत एक कर्मचारी का कार चालक परिचित था, जिसके बाद उसको अस्पताल में दाखिल ही नहीं किया और उसको केवल दर्द निवारक गोलियां देकर भेज दिया गया। इसके बाद जब पसलियों में दर्द कम नहीं हुआ तो उसने दूसरे चिकित्सक से जांच कराई तो उन्होंने बताया कि पसलियों में फ्रेक्चर है और एक्सीडेंट केस होने की वजह से नागरिक अस्पताल में ही जाना पड़ेगा। दोबारा नागरिक अस्पताल में गया तो चिकित्सक पसलियों में फ्रेक्चरर दिखाया, लेकिन उसको एक्स-रे रिपोर्ट नहीं, क्योंकि कार चालक का परिचित चिकित्सक के पास आ गया था। एक्सीडेंट केस होने के बाद भी न तो उसका मेडिकल बनाया ओर न ही पुलिस को जानकारी दी। पुलिस भी रिपोर्ट नहीं होने की बात कहते हुए उसका मामला दर्ज नहीं कर रही है। पीड़ित ने पुलिस अधीक्षक को शिकायत देकर कार्रवाई की मांग की है।