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Rewari News: विकास के दावे बेमानी, जगह-जगह लगे कचरे के ढेर, टैंकर मंगवाकर पी रहे पानी

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मोहल्ला रामसिंहपुरा में पड़ा कूड़ा। संवाद - फोटो : Rewari
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रेवाड़ी। शहर के मोहल्ला रामसिंहपुरा में पानी की आपूर्ति न होने की वजह से स्थानीय लोगों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। गलियों में जगह-जगह कूड़े के ढ़ेर लगे हुए हैं, जिसकी वजह से लोगों को बदबू आती है। गलियों के अंदर ट्रैक्टर-ट्रॉली का प्रवेश न होने के कारण लोगों को कूड़ा डालने में परेशानी हो रही है, इसलिए उनको इधर-उधर डालने पर मजबूर होना पड़ता है। प्रशासन की ओर से विकास के तमाम दावे बेमानी साबित हो रहे हैं। बार-बार शिकायत के बावजूद स्थिति यथावत बरकरार है।
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रेवाड़ी-भिवानी रेलवे ट्रैक पर स्थित मोहल्ला रामसिंहपुरा सफाई के अभाव में बदहाल है। मुहल्ले में कहीं पर सड़कें जर्जर हैं तो कहीं पर खाली प्लॉटों में कूड़े के ढेर लग रहे हैं, जिसकी वजह से यहां का वातावरण बदबूदार हो रहा है। लोगों ने बताया कि यहां पर कूड़े की गाड़ी बंद होने के बाद गलियों में पिछले 2 महीने से कूड़े वाले ट्रैक्टर-ट्रॉली नहीं आए, जिसकी वजह से स्थानीय लोगों को इधर-उधर खाली प्लॉटों में कूड़ा डालना पड़ता है। लोगों ने बताया कि मुहल्ले में पिछले 5 दिन से सप्लाई का पानी नहीं आया, इसलिए पार्षद को टैंकर का पानी मंगाकर लोगों के पास पहुंचाना पड़ रहा है। सप्लाई का पानी कभी-कभी गंदा आता है, जो न पीने के काम नहीं आता और न नहाने के काम में। लोगों ने कई बार प्रशासन के समक्ष शिकायत की है। पेयजल सप्लाई के अभाव में शुक्रवार को सुबह पार्षद ने जेब खर्च कर पानी का टैंकर मंगाया, जिसकी वजह से लोगों की प्यास बुझ सकी। गलियों में जगह-जगह बिजली के तार घरों के ऊपर से गुजर रहे हैं, जिसके कारण लोगों को करंट लगने का ख़तरा बना रहता है। गलियों में स्ट्रीट लाइटों की कमी है, इसलिए रात में अंधेरा पसरा रहता है।
हमारे मोहल्ले में कहीं पर सड़कें ख़राब हैं तो कहीं पर कूड़े के ढेर लगे हैं। लोग खाली प्लॉटों में मौका देखकर कूड़ा डाल जाते हैं। जिसकी वजह से यहां बदबू का आलम रहता है।
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-प्रदीप कुमार
कूड़े की गाड़ी बंद होने के बाद से कमेटी द्वारा ट्रैक्टर-ट्रॉली का इंतजाम किया गया। यहां पर पिछले 2 महीने से कूड़े वाले ट्रैक्टर-ट्रॉली नहीं आए, जिसकी वजह से स्थानीय लोगों को इधर-उधर खाली प्लॉटों में कूड़ा डालना पड़ता है। वहीं कुछ लोग रेलवे ट्रैक के पास ही कूड़ा डालकर आ जाते हैं।
त्रिलोक चंद
मोहल्ले में 5 दिन से सप्लाई का पानी नहीं बंद है, इसलिए पार्षद को टैंकर का पानी मंगाकर लोगों के पास पहुंचाना पड़ रहा है। सप्लाई का पानी कभी-कभी गंदा आता है, जो न पीने के काम नहीं आता और न नहाने के काम आता है। हमने कई बार अधिकारियों को इस बात से अवगत कराया है लेकिन कोई ध्यान नहीं दिया।
- रामसिंह
गलियों की स्ट्रीट लाइटें तो ठीक हैं लेकिन कुछ लाइटें हैं जो अभी भी ख़राब पड़ी हैं। उनके न जलने से रात को वहां पर अंधेरा पसरा रहता है। इससे चोरी व लूटपाट होने की भी आशंका बनी रहती है। घरों के ऊपर से बिजली के तार गुजर रहे हैं, जिनके कारण लोगों को करंट लगने का खतरा बना रहता है।
- बिजेन्द्र पाल
नहर में पानी न होने की वजह से पूरे शहर में ही पेयजल की सप्लाई प्रभावित है। लेकिन मैं लोगों की समस्याओं को ध्यान में रखते हुए टैंकर के जरिए पानी सप्लाई करवा रहा हूं, जिससे वार्ड-28 के निवासियों को कोई परेशानी न हो। कूड़े वाले ट्रैक्टर-ट्रॉली छोटी गलियों में प्रवेश करने में सक्षम नहीं हैं, इस पर कमेटी में कार्रवाई जारी है। यह तो पूरे शहर की समस्या है। इसे भी जल्द हल किया जाएगा।
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-रमेश कुमार, पार्षद, वार्ड- 28
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