रेवाड़ी। कोरोना के नए वैरिएंट से निपटने के लिए रेवाड़ी का स्वास्थ्य विभाग पहले से अलर्ट मोड़ में आ गया है। टीकाकरण हो या सैंपलिंग का कार्य विभाग की ओर से बेहतर कार्य किया जा रहा है,लेकिन राजस्थान और समीपवर्ती जिले गुरुग्राम जिले में कोरोना के मामले सामने से जिले में मानक संचालन प्रक्रिया (एसओपी) के पालन के कड़ाई से निर्देश दिए गए हैं। यहां नागरिक अस्पताल में मरीजों के साथ आने वाले तीमारदारों के लिए मास्क अनिवार्य कर दिया है। चिंता की बात है कि शुक्रवार को शहर में एक व्यक्ति कोरोना पॉजिटिव होने की पुष्टि हुई है। स्वास्थ्य विभाग प्रतिदिन औसतन करीब 100 लोगों के कोविड सैंपल ले रहा है।
जिले की सीमा राजस्थान व गुरुग्राम की सीमा से सटी हुई हैं। ऐसे में रोजना सैकड़ों लोगों का दिनभर आवागवन होता हैं। हालांकि जिला में टीकाकरण व सैंपिलिंग का कार्य लगातार जारी है। इसके बावजूद एहतियात के तौर पर स्वास्थ्य विभाग की ओर से सभी को एसओपी की पालना करने के निर्देश दिए हैं।
सामान्यजन के नहीं लिए जाएंगे सैंपल
नागरिक अस्पताल में उपचार के लिए आने वाले मरीजों के भी सैंपल लिए जाने शुरू कर दिए हैं। इनमें ज्यादातर बुखार, खांसी, जुकाम, टीबी, निमोनिया, सांस के मरीजों के कोविड सैंपल लिए जा रहे हैं। इनमें से सस्पेक्टिड पाए जाने वालों को अस्पताल के कोविड वार्ड में आईसोलेट किया जा रहा है। कोविड रिपोर्ट निगेटिव आने पर इन मरीजों को सामान्य वार्ड में भेजा जा रहा है। स्वास्थ्य विभाग का कहना है कि सामान्य जन के कोविड सैंपल नहीं लिए जा रहे हैं। मरीज में लक्षण पाए जाने पर रही सैंपलिंग होगी।
सिर्फ नागरिक अस्पताल में ही लग रहे टीके, बाकी जगह बंद
कोरोना की दूसरी लहर के कुछ दिन तक तो ज्यादातर जगह टीके लगाए जा रहे थे, लेकिन जैसे ही पाबंदियां हटी तो कोरोना से बचाव के लिए वैक्सीन लगवाने वाले लोगों की संख्या भी कम होती चली गई। इसके बाद अब सिर्फ नागरिक अस्पताल रेवाड़ी में ही वैक्सीन लग रही है। अन्य जगहों जैसे सीएचसी, पीएचसी पर कोरोना वैक्सीन नहीं लग रही है। नागरिक अस्पताल में बनाए वैक्सीनेशन सेंटर में अभी हर रोज औसतन 15 डोज लग रही है। लेकिन अब वैक्सीन लगवाने वालों की संख्या बढ़ सकती है।
12 से 18 वर्ग में अब भी 20 प्रतिशत को नहीं लगी पहली डोज
जिले में 12 से 18 आयु वर्ग में 85500 विद्यार्थियों को कोरोना से बचाव के लिए वैक्सीन लगनी थी, लेकिन अब तक पहली डोज भी कंप्लीट नहीं हुई है। अभी तक सिर्फ 68732 ने ही पहली डोज लगवाई है। अब भी जिले में 20 प्रतिशत विद्यार्थियों को पहली ही डोज नहीं लगी है। ऐसे में कोरोना फैला तो बच्चों के लिए परेशानी हो सकती है।
कोरोनो से निपटने को जिले में 31 स्वास्थ्य केंद बनाए
कोविड नोडल अधिकारी डॉ. विजय प्रकाश ने बताया कि कोरोना से निपटने के लिए जिले में नागरिक अस्पताल सहित 31 स्वास्थ्य केंद्र बनाए गए हैं, जिनमें से 4 सरकारी और 27 प्राइवेट हैं। इन केंद्रों पर 494 आइसोलेशन बेड, 259 आईसीयू बेड, ऑक्सीजन सपोर्ट वाले 551 बेड, बेड के साथ वेंटिलेटर 99, ऑक्सीजन कंसंट्रेटर मशीन 332 व 1151 ऑक्सीजन सिलिंडर लगाए हुए हैं। इसके अलावा 30 स्वास्थ्य केंद्रों में गैस पाइपलाइन की सुविधा की गई है।
नागरिक अस्पताल में भी फिलहाल कोविशील्ड वैक्सीन खत्म है, लेकिन को-वैक्सीन की 1600 डोज उपलब्ध है। कोविशील्ड की डोज की डिमांड भेज दी गई है। स्वास्थ्य अधिकारियों के अनुसार कोविशील्ड भी अगले सप्ताह मिलने की उम्मीद है। जिनकी डोज बाकी है, वे जल्द अपनी डोज लगवा लें। जिले में अब तक 850119 पुरुषों और 700675 महिलाओं ने वैक्सीन लगवाई है।
- डॉ. अशोक कुमार, डिप्टी सिविल सर्जन
जिले में एक एक्टिव केस है। कोविड को लेकर स्वास्थ्य विभाग की ओर से पूरी तैयारी की गई है। अलग से कोविड वार्ड बना दिया गया है। इसके साथ ही अस्पतालों में मरीजों के साथ आने वाले अटेंडेंट के लिए मास्क जरूरी है। इसमें स्वयं की ही सुरक्षा है। एसओपी की पालना के जरूरी निर्देश दिए गए हैं।
-डॉ जयभगवाना, सीएमओ।