संवाद न्यूज एजेंसी
रेवाड़ी। जिले में वीरवार को डेंगू के दो मामले सामने आए हैं। इनमें से एक रेलवे कॉलोनी और दूसरा सेक्टर 3 में पाया गया। दोनों को नागरिक अस्पताल में भर्ती करवाया गया है। अब डेंगू संक्रमितों की संख्या 54 हो गई है जिसमें 40 स्वस्थ हो चुके हैं। पिछले एक सप्ताह में ही कुल 29 केस मिल चुके हैं।
जिले में स्वास्थ्य विभाग की टीमों ने घरों में मच्छरों के लार्वा की जांच की। पावी के बर्तनों में मच्छरों का लार्वा मिलने पर अबतक 2300 मकान मालिकों को नोटिस दिया जा चुका है। विभाग की टीमें रोजाना घर-घर जाकर मच्छर का लार्वा तलाश कर उन्हें नष्ट करवा रही हैं। आमजन को डेंगू से बचाव बारे सचेत व जागरूक भी कर रही है।
डेंगू होने पर तेज बुखार और सिरदर्द व पीठ दर्द होता है। शुरू के दिनों में शरीर के जोड़ों में दर्द होता है। आंखें लाल हो जाती हैं। डेंगू बुखार दो से चार दिनों तक होता है। इसके बाद शरीर का तापमान धीरे-धीरे अपने आप सामान्य होने लगता है। बुखार के साथ ही साथ शरीर में खून की कमी होने लगती है।
बुखार होने पर डॉक्टर की सलाह अवश्य लें : विरेंद्र
हेल्थ इंस्पेक्टर विरेंद्र यादव ने लोगों से ड्राई डे मनाने और पानी के बर्तनों, कूलर, टंकी, फ्रिज-ट्रे, गमलों को खाली कर सुखाने के लिए जागरूक किया ताकि मच्छर के अंडे मर जाएं। डेंगू पर नियंत्रण के लिए घरों के आस-पास गड्ढे को मिट्टी से भरवा दें। पूरी बाजू के वस्त्र पहनें, मच्छर रोधी दवा या क्रीम का उपयोग करें। कीटनाशक दवाई से उपचारित मच्छरदानी का उपयोग करें, छतों पर रखी पानी की टंकियों को ढक्कन लगाकर बंद रखें। बुखार आने पर डॉक्टर की सलाह अवश्य लें।