रेवाड़ी। चीफ ज्यूडिशियल मजिस्ट्रेट विनीत सपड़ा की अदालत ने नौकरी दिलाने के नाम पर ठगी करने के दो दोषियों को 5-5 साल की सजा सुनाई है। साथ ही प्रत्येक पर दो-दो हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
गांव बुढ़ानी निवासी भागमल ने संदीप कुमार व कंवर सिंह निवासी गांव काठ माजरा तहसील बहरोड़ जिला अलवर, राजस्थान के खिलाफ अदालत में नौकरी के नाम पर रुपये की धोधाधड़ी का केस दर्ज कराया था। इसमें उन्होंने आरोप लगाया था कि आरोपियों ने मर्चेंट नेवी में नौकरी लगवाने के नाम पर उनसे 3,90,000 रुपये ले लिए थे। इसमें 50,000 रुपये नकद दिए गए थे। इसके बाद 4 फरवरी 2011 को 50,000 रुपये आईसीआईसीआई बैंक गुरुग्राम के माध्यम से आरोपी के खाते में भेजे गए थे। इसी प्रकार 26 अप्रैल 2011 को 80,000 और 30 मई 2011 को 50,000 रुपये और 11 जून 2011 को 2,30,000 रुपये आरोपी को दिए थे। इसके साथ ही आरोपी संदीप ने उन्हें भारत पैलेस होटल जयपुर में 1,00,000 रुपये नकद लेकर बुलाया था। पैसे देने के बावजूद भी उन्हें कहीं नौकरी नहीं दिलाई गई। मामले में सुनवाई करते हुए अदालत ने शिकायतकर्ता के बयान लिखे तथा आरोपियों संदीप व कंवर सिंह को दोषी मानते हुए 5-5 साल की सजा सुनाई है। साथ ही प्रत्येक पर 2000 रुपये जुर्माना भी लगाया है।