रेवाड़ी। जिले के आठ राजकीय महाविद्यालयों में अब कंप्यूटर भेजने की प्रक्रिया शुरू की गई है। तीन वर्ष पहले इन महाविद्यालयों में यूपीएस भेजे गए थे। कंप्यूटर मुहैया कराने के बाद इसकी कक्षा शुरू की जाएगी। राजकीय महाविद्यालय रेवाड़ी, बावल, नाहड़, कोसली, पाली, जाटूसाना में कंप्यूटर भेजने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। जिले के महाविद्यालयों में 2021 में उच्चतर शिक्षा विभाग की ओर से विद्यार्थियों को बेहतर शिक्षा प्रदान करने के उद्देश्य से कंप्यूटर भेजने का निर्णय लिया गया था। इसके तहत जिले के आठ महाविद्यालयों में पहले चरण में यूपीएस भेजे गए थे लेकिन किसी कारणवश कंप्यूटर नहीं भेजे जा सके थे। तीन वर्ष बीतने के बाद अब उच्चतर शिक्षा विभाग ने अब महाविद्यालयों को कंप्यूटर भेजने की प्रक्रिया शुरू की है।
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उच्चतर शिक्षा विभाग के निदेशक की ओर से कोरोना काल के दौरान जिले के महाविद्यालयों से कंप्यूटर संबंधी डिमांड मांगी गई थी। भेजी गई मांग के अनुसार ही कंप्यूटर भेजने की स्वीकृति प्रदान की गई थी।
जल्द ही सुचारु रूप से शुरू होंगी कंप्यूटर की कक्षाएं
महाविद्यालयों में विभाग की ओर से कंप्यूटर नहीं भेजे जाने के कारण यूपीएस का भी कोई प्रयोग नहीं हो पा रहा था। इसके चलते पिछले तीन वर्ष से महाविद्यालयों में भेजे गए यूपीएस पड़े-पड़े खराब होने के कगार पर पहुंच गए थे। अब विभाग ने कंप्यूटर भेजने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। जल्द ही जिले के आठों महाविद्यालयों में कंप्यूटर आने के साथ ही विद्यार्थियों को सुचारु रूप से कक्षाएं भी शुरू हो सकेंगी।
वर्जन:
उच्चतर शिक्षा विभाग के निदेशक की ओर से वर्ष 2021 में महाविद्यालय में यूपीएस भेजे गए थे। अब विभाग की ओर से कंप्यूटर भेजे गए हैं। कंप्यूटर आने से अब विद्यार्थियों को अच्छी शिक्षा मिल सकेगी।- डॉ. विवेक कुमार, प्राचार्य, राजकीय महाविद्यालय कोसली।