रेवाड़ी। त्योहारी सीजन में ट्रेनों और बसों में भीड़ इतनी ज्यादा बढ़ जाती है कि लोगों को बैठने के लिए जगह तक नहीं मिलती है। शनिवार को रेवाड़ी रेलवे स्टेशन पर स्थिति कुछ इसी तरह की रही। टिकट कटवाने के लिए लोगों की इतनी लंबी लाइन थी कि घंटों इंतजार करना पड़ा। कई लोग तो ऐसे थे, जिनकी ट्रेन भी छूटने वाली थी क्योंकि टिकट मिलने में ही काफी समय लग रहा था। पिछले एक सप्ताह से रेवाड़ी रेलवे स्टेशन पर रोजाना 10 हजार के करीब यात्री सामान्य टिकट लेकर सफर कर रहे हैं। यह आंकड़ा इस हफ्ते का है, जबकि सामान्य दिनों में रोजाना सामान्य टिकट लेकर यात्रा करने वाले लोगों की संख्या 6 से 7 हजार होती है। शुक्रवार को करीब 12 हजार के आसपास सामान्य टिकट काटी गई है। शनिवार को 10 हजार के करीब टिकट कटी हैं।
दूसरी तरफ वह यात्री जो दो से तीन महीने पहले ही ट्रेनों की टिकट बुक करवाते हैं उनकी संख्या भी काफी अधिक है। कुछ ऐसे भी यात्री हैं, जो वेटिंग टिकट कराकर ट्रेन में सफर करते हैं। एक तरफ जहां अधिकतर ट्रेनों में सीट ही उपलब्ध नहीं है, वेटिंग लिस्ट इतनी लंबी है कि ट्रेन भी छूट सकती है। रेवाड़ी से दिल्ली, यूपी, बिहार, पंजाब, राजस्थान, मुंबई, गुजरात आदि के लिए ट्रेनें मिलती है।
सामान्य डिब्बों में पैर रखने तक की जगह नहीं
सामान्य टिकट पर अगर आप यात्रा करना चाहते हैं तो किसी चुनौती को पार करने जैसा होगा क्योंकि सामान्य डिब्बों में पैर रखने तक की भी जगह नहीं होती है। हालात इतने ज्यादा खराब हैं कि ठीक ढंग से वहां पर खड़ा भी नहीं हुआ जा सकता है, जबकि रेलवे ने कुछ ट्रेनों में डिब्बे भी बढ़ाए थे। उसका कोई भी लाभ देखने को नहीं मिल रहा है। लोग भारी भीड़ के चलते काफी परेशान है।
वेंडिंग मशीन पर टिकट लेने के लिए लोगों का लगा जाम
इधर, ऑटोमेटिक टिकट वेंडिंग मशीन में रोल पेपर खत्म होने से यात्रियों को लंबी लाइन में लगना पड़ा, जिसके कारण यात्रियों का काफी समय बर्बाद हुआ। कुछ वेंडिंग मशीनें चल भी रही थी, मगर वह उन यात्रियों के लिए फायदेमंद नहीं थी, जिन्हें लंबी दूरी की यात्रा करनी होती है। यह मशीन केवल कम दूरी की यात्रा करने वालों के लिए ही टिकट प्रदान करती है।
किसी भी ट्रेन में नहीं मिली कंफर्म टिकट
रेवाड़ी-चंडीगढ़ के बीच 2 ट्रेनें चलाई जा रही हैं, जिनमें से दोनों में सीट उपलब्ध नहीं हैं। रेवाड़ी-लखनऊ के बीच 2 ट्रेन चल रही हैं, दोनों में सीट मौजूद नहीं हैं। रेवाड़ी से अहमदाबाद के लिए 4 ट्रेनें चल रही हैं, जिनमें से 1 में वेटिंग लिस्ट 214 पर है यानी सीट कंफर्म होने की कोई संभावना नहीं है व अन्य 3 ट्रेनों में सीट ही उपलब्ध नहीं हैं। रेवाड़ी- बीकानेर के बीच दो ट्रेनों का संचालन हो रहा है, जिनमें से 1 में सीट उपलब्ध ही नहीं है तो 1 में वेटिंग लिस्ट 71 पर चल रही है
रेवाड़ी-जयपुर रूट पर 18 में से 13 ट्रेनों में टिकट उपलब्ध ही नहीं है और 5 ट्रेनों में वेटिंग लिस्ट लंबी है। इनमें जाट अली एक्सप्रेस में 77, रानीखेत में 22, बरेली भुज में 162, आश्रम में 215 व मंडोर सुपरफास्ट ट्रेन में 68 वेटिंग लिस्ट है। रेवाड़ी-दिल्ली कैंट रूट पर 28 ट्रेनों का संचालन किया जा रहा है, जिनमें से 9 में सीट उपलब्ध नहीं हैं।
इन रूटों पर जाती हैं रेवाड़ी से ट्रेनें
रूट ट्रेन
रेवाड़ी-जयपुर रूट 18
रेवाड़ी-दिल्ली कैंट 28
रेवाड़ी-चंडीगढ़ 2
रेवाड़ी-लखनऊ 2
रेवाड़ी-अहमदाबाद 4
रेवाड़ी-बीकानेर 2
रेवाड़ी-जयपुर 18
बस के लिए भी लोगों को करनी पड़ रही जद्दोजहद
दूसरी ओर बसों की यात्रा करने के लिए भी सवारियों को जद्दोजहद करनी पड़ रही है। अधिकतर बसें यात्रियों से खचाखच भरकर चल रही हैं। हालांकि, कुछ लोकल रूट्स पर यात्रियों की संख्या अधिक होने के कारण स्पेशल बसें भी चलाई गई। सबसे ज्यादा लोग गुरुग्राम, दिल्ली, नारनौल महेंद्रगढ़ रूट के थे। बसों की संख्या कम है। यात्री काफी अधिक थे। दिल्ली रोड पर 30 बीएस की बसें गई। 101 बसें अन्य रूटों पर जाती है। त्यौहारी सीजन में करीब 40 हजार के आसपास यात्री रेवाड़ी और कोसली बस स्टैंड से सफर करते हैं।