पानीपत। प्रशासन और नगर निगम के दो महीने से बारिश में पानी निकासी से निपटने के दावाें की मंगलवार को हवा निकल गई। 24 एमएम बारिश में ही शहर के इंसार बाजार, भावना चौक और शहर में घुटनों तक पानी जमा हो गया। लोगों को निकलने का रास्ता तक नहीं मिल पाया। सड़क सुरक्षा समिति की बैठक में उपायुक्त डॉ. वीरेंद्र कुमार दहिया ने अधिकारियों को फटकार लगाई और कार्रवाई की चेतावनी दी। निगम अधिकारी इसके बाद सीवर की सफाई करने उतरे। वहीं बारिश में बिजली के काबड़ी रोड 33 केवी और सेक्टर 13-17 फीडर करीब तीन घंटे बंद रहे। बिजली निगम के सुविधा केंद्र पर 2662 शिकायत पहुंचीं। सावन में मौसम लगातार परिवर्तनशील है। सोमवार देर रात और मंगलवार को दिन में रुक-रुक कर बारिश हुई। जिले मंगलवार को औसतन 14.4 एमएम बारिश दर्ज की। सबसे अधिक पानीपत खंड में 24 एमएम बारिश दर्ज की। जीटी रोड समेत शहर में कई जगह जलभराव की स्थिति रही। ऐसे में लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। वहीं यमुना में पानी फिलहाल खतरे से नीचे है। बारिश आते ही बिजली गुल हो गई। इसके साथ बिजली निगम में शिकायत पहुंचनी शुरू हो गई। शिकायत केंद्र के प्रभारी मुकेश शर्मा ने बताया कि पूरे दिन में 2662 शिकायत मिली हैं। टीमों को भेजकर शिकायत दूर कराई गईं। इंसार बाजार में घुटनों तक पानी जमा हो गया। ऐसे में मंगलवार को खरीदारी करने आए ग्राहक फंस गए। लोगों को करीब एक घंटे तक दुकानों पर बैठकर पानी उतरने का इंतजार करना पड़ा। कुछ लोग पानी से होकर बाजार से बाहर निकले। रणबीर और जितेंद्र ने बताया कि थोड़ी देर की बारिश से पूरे बाजार में पानी भर गया। नगर निगम अधिकारी एक महीने से बाजार में थड़े तोड़ने में लगे हैं लेकिन पानी निकासी की व्यवस्था नहीं की जा सकी। यह गंभीर विषय है।
सुखदेव नगर में बारिश में जमा पानी से गुजरते वाहन। संवाद
सुखदेव नगर में बारिश में जमा पानी से गुजरते वाहन। संवाद