पानीपत। गांव उग्राखेड़ी के सरकारी स्कूल में वोट डालने के बाद खड़ी महिलाओं को बाहर निकालते हुए पु?
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पानीपत। पंचायती राज संस्थाओं के जिला परिषद और पंचायत समिति सदस्यों के चुनाव में रविवार को फर्जी वोटिंग का भी मामला सामने आया। इसमें गांव बिहौली के कृष्ण कुमार ने बताया कि वह मतदान करने को लेकर काफी उत्साहित था। वह उत्साह के साथ अपनी पत्नी के साथ वोट डालने के लिए मतदान केंद्र पहुंचा। वहां उसे पता चला कि उनके नाम की वोट पहले ही कोई ओर डाल चुका है। जिससे उसका उत्साह काफूर हो गया।
उसने इस संबंध में मौके पर मौजूद पोलिंग पार्टियों को सहायक रिटर्निंग अधिकारियों को भी शिकायत दी। जिसके बाद कृष्ण को बाद में आने के लिए कहा गया। कृष्ण कुमार ने कहा कि उसे आपत्ति इस बात की नहीं है कि उसकी वोट किसी अन्य ने कैसे डाल दी और किसको डाली। उसे आपत्ति इस बात की है कि उनकी वोट डाली किसने। कृष्ण की इस बात का जवाब किसी भी अधिकारी के पास नहीं था।
दूसरी ओर गांव सौदापुर में बूथों के सामने और अंदर तक पहुंचकर महिलाओं और छोटे बच्चों ने प्रत्याशियों का प्रचार तक कर दिया। उनके हाथों में प्रत्याशियों के पोस्टर बैनर थे। वे मतदान के लिए आने वाले ग्रामीणों से अपने चहेते प्रत्याशियों के लिए मतदान की अपील करते दिखाई। जिसके बाद पुलिस प्रशासन ने महिलाओं और छोटे बच्चों को बाहर निकाला और आचार संहिता का उल्लंघन न करने की चेतावनी दी।
गांव उग्रा खेड़ी में भी ऐसा ही मामला सामने आया। मतदान केंद्रों के अंदर ग्रामीण घुस गए और ग्रामीणों से अपने प्रत्याशियों को वोट देने की अपील करने लगा। गरमागरमी बढ़ी तो इसकी सूचना पुलिस को दी गई। हंगामा बढ़ने की सूचना पर एएसपी विजय कुमार मौके पर पहुंचे। उन्होंने तुरंत प्रभाव से थाना प्रभारी को तलब किया। मौके पर तैनात पुलिस कर्मियों को फटकार लगाई और बूथ के अंदर प्रचार प्रसार करने वालों को खदेड़ा।