पानीपत। सिवाह गांव में मकान की मरम्मत के दौरान सोमवार को अचानक छत ढह गई। मकान मालिक व दो मजदूर मलबे में दब गए। छत गिरने की आवाज सुनकर लोग दौड़े। लोगों ने लंबी मशक्कत के बाद तीनों को निकाला। तीनों को सिविल अस्पताल भेजा गया, जहां मकान मालिक और एक मजदूर की हालत गंभीर देखते हुए उन्हें खानपुर मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया गया। परिजन उन्हें एक निजी अस्पताल ले गए, जहां उनकी हालत गंभीर बताई गई। वहीं दूसरे मजदूर को प्राथमिक उपचार के बाद सिविल अस्पताल से छुट्टी मिल गई।
सिवाह गांव निवासी मोहन उर्फ मोनू अपने 20 साल पुराने मकान की छत पक्की कराने के लिए दो मजदूरों से उसे उखड़वा रहा था। बिहार के सीतापुर निवासी बीरू और मनोज छत उखाड़ रहे थे। मोहन और मनोज छत पर थे और बीरू नीचे मलबे की सफाई कर रहा था। इसी बीच अचानक छत गिर गई और तीनों मलबे के नीचे दब गए। अचानक धमाके के साथ छत गिरने से परिजन व आसपास के लोग मौके पर पहुंचकर बचाव कार्य शुरू किया। मोहन, मनोज और बीरू को बाहर निकालकर सिविल अस्पताल पहुंचाया गया। चिकित्सकों ने मनोज और मोहन की हालत गंभीर बताई। मोहन की रीढ़ की हड्डी व पैरों में चोट आई है।