पानीपत। चिकित्सकों व एनएचएम कर्मचारियों के बाद स्वास्थ्य कर्मियों ने भी अपनी मांगों को लेकर आंदोलन शुरू कर दिया है। स्वास्थ्य कर्मचारी अपनी लंबित मांगों को लेकर रविवार को मुख्यमंत्री के विधानसभा क्षेत्र करनाल में रोष प्रदर्शन करेंगे।
बहुउद्देशीय स्वास्थ्य कर्मचारी एसोसिएशन हरियाणा के आह्वान पर रोष प्रदर्शन होगा। जिसमें स्वास्थ्य सुपरवाइजर संघ बढ़ चढ़कर भाग लेगा। स्वास्थ्य सुपरवाइजर संघ के प्रदेशाध्यक्ष राममेहर वर्मा, महासचिव सतपाल खासा, उपप्रधान सुमित्रा देवी व वित्त सचिव रणधीर चहल ने दी। उन्होंने बताया कि चार अगस्त तक स्वास्थ्य कर्मचारियों की मांगों पर सकारात्मक कार्रवाई नहीं की गई तो चार अगस्त को अगले आंदाेलन का एलान भी किया जाएगा। प्रत्येक मंत्री के आवास के साथ विपक्षी दलों के कार्यालयों पर भी क्रमिक भूख हड़ताल करने को मजबूर होंगे।
कर्मचारी नेताओं ने राज्य के सभी राजनीतिक दलों को पत्र लिखकर स्वास्थ्य कर्मियों की मांगों के प्रति अपनी पार्टी का रुख स्पष्ट करने की मांग की है। उन्होंने बताया कोविड महामारी में कर्मचारियों की भारी कमी से सबक लेकर स्वास्थ्य विभाग में नए पद सर्जित करने की आवश्यकता थी। जबकि विभाग के तत्कालीन निदेशक द्वारा स्वास्थ्य विभाग में पहले से स्वीकृत पदों में कटौती कर दी गई। स्वास्थ्य सुपरवाइजर संघ पिछले चार साल से लोकतांत्रिक रूप से जन आंदोलन कर रहा है। आंंदोलन के दौरान अब तक मुख्यमंत्री, स्वास्थ्य मंत्री, राज्य के सभी सत्ता व विपक्ष के सांसद व विधायक को ज्ञापन देने के अलावा महानिदेशालय के पंचकूला कार्यालय पर धरना प्रदर्शन किया है। पिछली एक जनवरी 2023 से प्रतिदिन ग्राम पंचायतों द्वारा स्वास्थ्य कर्मचारियों की मांगों के समर्थन में पारित प्रस्ताव की प्रति भेजी गई है। बावजूद इसके सरकार द्वारा अभी तक पदों में कटौती सहित किसी भी जायज मांग पर कार्रवाई नहीं की गई है।