पानीपत। पुराना औद्योगिक क्षेत्र में गोल चक्कर के पास फैक्टरी में काम कर रहे पल्लेदार की संदिग्ध परिस्थितियों में करंट लगने से मौत हो गई। हादसा बुधवार शाम करीब पांच बजे हुआ। पल्लेदार बचाने गया एक युवक भी झुलस गया। पल्लेदार को स्थानीय कर्मचारियों ने एक निजी अस्पताल पहुंचाया और परिजनों को सूचना दी। परिजनों ने हादसे का कारण जानना चाहा तो मालिक बोला, इसे हार्ट अटैक आया है, इसे घर ले जाओ। परिजनों ने पुलिस को सूचना दी और शव को पोस्टमार्टम के लिए सामान्य अस्पताल के शवगृह में रखवाया।
काबड़ी रोड हरि नगर निवासी सुरेंद्र चौहान ने बताया कि उसके पिता विनोद चौहान (42) पुराना औद्योगिक क्षेत्र स्थित गोल चक्कर के पास वर्मा फैक्टरी में पल्लेदारी का काम करते थे। वह बुधवार को सुबह पांच बजे घर से फैक्टरी के लिए निकल गए थे। शाम पांच बजे उन्हें सूचना मिली कि उसके पिता को मॉडल टाउन स्थित एक निजी अस्पताल में ले जाया गया है। वह अस्पताल पहुंचे तो डॉक्टर ने पिता को मृत घोषित कर दिया। उन्होंने पिता के शरीर को देखा तो उनके पैर पर करंट लगा था। उन्होंने फैक्टरी मालिक से मौत का कारण जानने का प्रयास किया। आरोप है कि फैक्टरी मालिक ने सच बताने के बजाय उन्हें कहा कि पिता की हार्ट अटैक से मौत हुई है और उन्हें शव घर ले जाने की बात कही। जबकि उन्होंने जांच की तो पता चला कि पिता की मौत करंट लगने से हुई है।
मृतक विनोद के बेटे ने कहा कि जब उन्होंने अपने लेवल पर जांच की तो पता चला कि पिता फैक्टरी में काम कर रहे थे। उनका पैर एक स्लैब पर टिका, जिसके नीचे ट्यूबवेल के तार गुजर रहे थे। पैर टिकते ही स्लैब टूट गई और वह अंदर गिर गए, जिससे उन्हें करंट लगा। वहीं पास खड़े एक ट्रैक्टर चालक ने उन्हें बचाने का प्रयास किया तो उन्हें भी मामूली करंट लगा।
विनोद के तीन बच्चे हैं। इनमें दो बेटे दीपक, सुरेंद्र और एक बेटी सुनीता है। पत्नी अनारा देवी और बच्चों का रो-रोकर बुरा हाल है। वह निष्पक्ष जांच की मांग कर रहे हैं। विनोद तीन भाइयों में मंझला था।