फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Panipat News: दाएं की जगह डाक्टर ने बाएं घुटने का कर दिया ऑपरेशन, डीसी ने सीएमओ को सौंपी जांच

विज्ञापन
विज्ञापन
पानीपत। आयुष्मान योजना के कार्ड से उपचार के दौरान एक निजी अस्पताल की बड़ी लापरवाही सामने आई है। आरोप है कि अस्पताल के चिकित्सक ने पीड़ित राजमिस्त्री के दाएं की बजाए बाएं घुटने का ऑपरेशन कर दिया गया। गलती का अहसास होने के बाद आरोपी चिकित्सक ने मरीज के दाएं गुटने का भी ऑपरेशन कर दिया। अब दोनों घुटनों के ऑपरेशन से राजमिस्त्री अपंग हो गया है। वीरवार को समाधान शिविर में मामला सामने आने के बाद उपायुक्त ने सीएमओ को इसकी जांच सौंपी है।
विज्ञापन

पानीपत के वैसर गांव निवासी रणबीर वीरवार को जिला सचिवालय में समाधान शिविर में शिकायत लेकर पहुंचे। उन्होंने उपायुक्त डॉ. वीरेंद्र कुमार दहिया को दी शिकायत में बताया कि वह राजमिस्त्री का काम करता था। 23 जनवरी 2006 को एक सड़क हादसे में उसकी पत्नी व उसके भाई की मौत हो गई थी। वह तीन लड़कियों और दो बेटों का पिता है। तीनों बेटी शादीशुदा हैं। उसके एक बेटे को बड़े भाई ने गोद ले रखा है, जबकि दूसरा नशे का आदी है। उसने उसको बेदखल कर दिया है। उसको अब घर में खाना देने वाला भी कोई नहीं था, इसलिए वह अपनी बहन के पास पानीपत के डिकाडला गांव में रहता है। वह अप्रैल में घर में झाडू पोंछा करते समय फिसल गया था, जिससे उसके घुटने पर सूजन आ गई थी। उसने निजी अस्पताल के डॉ. सुमित और रघुवीर को दिखाया। उन्होंने घुटने के ऑपरेशन की सलाह दी। इस दौरान उसका एक जानकार शेरा गांव निवासी मनोज मिला। वह एंबुलेंस पर चालक है। उसने उसको ऑस्कर अस्पताल पानीपत में इलाज कराने की सलाह दी। वह उसे 13 मई को ऑस्कर अस्पताल ले आया। वहां पर डॉ. हर्ष व विवेक पांडे ने उसकी जांच की और दाएं पैर के ऑपरेशन के लिए कहा। उसको उसी दिन अस्पताल में दाखिल कर लिया गया। अगले दिन 14 मई की रात को आयुष्मान योजना के अंतर्गत उसका ऑपरेशन किया गया। जब उसे होश आया तो उसने देखा कि उसका दाहिना पैर तो ऐसे ही था, जबकि बाएं पैर के घुटने का ऑपरेशन कर दिया गया। उसके परिवार के सदस्य भी हैरान हो गए। उन्होंने डॉक्टर को बुला ऑपरेशन गलत करने की बात बताई। डॉक्टरों ने अपनी गलती मानी और उन्होंने दाहिने पैर का भी ऑपरेशन करने की बात कही। परिजनों ने इसका खर्च उठाने के बारे में कहा तो डॉक्टरों ने खर्च कि चिंता न करने का भरोसा दिया। उन्होंने कहा कि अगर वह ठीक नहीं हुआ तो उसे घर बैठे पूरा खर्च दिया जाएगा। इसके एक घंटे बाद उसके दाएं पैर का भी ऑपरेशन कर दिया गया। उसको पांच जून को अस्पताल से छुट्टी दे दी गई, लेकिन अब वह न तो चल पाता है और न ही कोई काम कर पाता है। वह पैरों से अपंग हो चुका है।
वर्जन :
वैसर निवासी रणबीर के घुटनों का अस्पताल में इलाज किया गया था। मरीज ने दाहिने घुटने की रिपोर्ट दिखाई थी और साथ ही बाएं घुटने में भी लचक आने की समस्या रखी थी। उन्होंने अपने परिवार की स्थिति की भी दुहाई दी थी। चिकित्सकों ने उनकी और उनके परिजनों से परमिशन लेकर दोनों घुटनों को रिपेयर किया था। इलाज के बाद चलने फिरने की वीडियो भी बनाई गई है। वह अस्पताल से स्वस्थ होकर गया था। उनकी ओर से अगर किसी प्रकार के आरोप हैं तो विभागीय जांच में सामने आ जाएगा। हर्ष गिरधर, एडमिन, ऑस्कर अस्पताल पानीपत।
विज्ञापन




वर्जन-

जिला सिविल सर्जन डॉ. जयंत आहूजा ने बताया कि नेग्लिजेंसी कमेटी को मामले की जांच सौंप दी गई है। तीन डॉक्टरों की कमेटी मामले की जांच करेगी। इसमें जो भी दोषी होगा, उस पर निश्चित तौर पर कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें