डीएफएससी बोले, चढूनी किसानों की आड़ में कर रहा ब्लैकमेल
डीएफएससी राजेश कुमार आर्य का कहना है कि गुरनाम चढूनी किसान नहीं बल्कि आढ़ती है। अपने निजी फायदे के लिए अधिकारियों पर किसानों की आड़ में दबाव बनाने का प्रयास करता है। उन पर धरने के दौरान ही हमला कर दिया गया जिसमें एफआईआर दर्ज करवा दी गई है। चढूनी की मंडियों में प्रवेश पर प्रतिबंध लगाया जाना चाहिए। उन्होंने बताया कि इस घटनाक्रम के बाद मंडियों में खरीद, उठान व भुगतान बंद कर दिया गया।