पानीपत। स्वच्छ सर्वेक्षण 2024 की तैयारियों को लेकर नगर निगम आयुक्त डॉ. जयेंद्र सिंह छिल्लर ने निगम अधिकारियों के साथ ताऊ देवी लाल कॉम्प्लेक्स निगम कार्यालय में बैठक की। उन्होंने कहा कि सर्वेक्षण की टीम कभी भी शहर का दौरा करने आ सकती है। शहर में सफाई की बेहतर व्यवस्था होनी चाहिए। सभी सार्वजनिक शौचालय चालू करवाए जाएं। नालों के ऊपर की टूटी स्लैब बदली जाए। सीवर लाइनों की सफाई व्यवस्था दुरुस्त होनी चाहिए।
उन्होंने कहा कि सड़कों पर गंदा पानी जमा न हो पाए। इन सभी बातों का निगम अधिकारियों विशेष ध्यान रखेंगे तो सर्वेक्षण में निगम को बेहतरीन रैंकिग मिलेगी। उन्होंने कहा कि इस बार सर्वेक्षण 9500 अंकों का होगा। निगम अबकी बार वॉटर प्लस के लिए आवेदन करने वाला है। इसमें नगर निगम क्षेत्र में सीवरेज का पानी सड़कों पर नहीं मिलना चाहिए। निकासी की व्यवस्था बेहतरीन ढंग से होनी चाहिए, ताकि नगर निगम पानीपत को वॉटर प्लस का तमगा मिल सके। इसके अलावा नगर निगम एरिया में थ्री- आर थीम यानी रीड्यूज, रीयूज, रीसाइकिल आधारित होने चाहिए। जिसमें रीड्यूज यानी सिंगल यूज प्लास्टिक को बिल्कुल प्रतिबंधित करना। रियूज यानी दोबारा इस्तेमाल इसमें कबाड़ को अन्य उपयोगी वस्तुओं में बदलना। रिसाइकिल यानी किसी भी पदार्थ को दोबारा प्रचलन के लायक बनाना।
उन्होंने कहा कि सर्वेक्षण में टीम शहर के बड़े संस्थानों का भी निरीक्षण करेगी। इसमें मैरिज हॉल, विवाह स्थल, शिक्षण संस्थान, कार्यालय, होटल व रेस्टोरेंट, अस्पताल में कचरे से खाद बनाने की मशीनें हैं या नहीं, इसकी भी जांच की जाएगी। शहरवासियों से भी स्वच्छता बारे सवाल पूछे जाएंगे जो सिटीजन फीडबैक के चरण में होगा। उन्होंने निगम अधिकारियों को निर्देश दिए कि इन सभी पहलुओं पर निगम टीम सर्वे कर रिपोर्ट तैयार कर खामियों को दुरुस्त करवाने का काम करे।