पानीपत/थर्मल। सोनीपत के खिजरपुर गांव के संदीप हत्याकांड के मुख्य आरोपी को पुलिस ने सुताना के नजदीक थर्मल बाईपास से गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने उसे तीन दिन के रिमांड पर लिया है। रिमांड के दौरान उससे वारदात में प्रयुक्त लाठी डंडे व रॉड और खून से सने कपड़े भी बरामद किए जाएंगे।
सीआईए वन प्रभारी सब इंस्पेक्टर महिपाल सिंह ने बताया कि आरोपी सुनील ने पूछताछ में बताया उसकी पत्नी अन्नु का मृतक संदीप के साथ प्रेम प्रसंग था। अन्नु दो माह पहले संदीप के पास रहकर आई थी। इस बात से वह संदीप से रंजिश रखता था। संदीप को सबक सिखाने के लिए आरोपी ने पत्नी पर दबाव बना फोन करवा संदीप को 15 सितंबर को गांव में अपने घर पर बुलाया था। संदीप देर शाम उनके घर पर आया तो आरोपी ने गांव निवासी अपने दो अन्य साथी आरोपियों के साथ मिलकर संदीप की पाइप व डंडों से पिटाई कर उसको कमरे में बंद कर दिया। 16 सितंबर की सुबह कमरा खोलकर देखा संदीप की मौत हो चुकी थी। उन्होंने शव को पल्ली में बांधकर गांव के बाहर झाड़ियों ने छुपा दिया और उसकी बाइक पानीपत की दिल्ली पैरलल नहर में डाल दी। 16 सितंबर की देर रात उसने अपने साथियों के साथ मिलकर उसके शव को झाड़ियों से निकाला और मोटरसाइकिल पर सफीदों के पास नहर में फेंक दिया था।
ये था मामला
सोनीपत के खिजरपुर गांव निवासी सुभाष ने बताया कि उससे छोटा उसका भाई संदीप (28) था। उसकी पानीपत के गांव सुताना में रिश्तेदारी है। संदीप के गांव सुताना निवासी अन्नु के साथ प्रेम संबंध थे। यह दोनों मोबाइल पर भी बात करते थे। 15 सितंबर को अन्नु ने संदीप के पास एक पड़ोसन के मोबाइल से कॉल कर बुलाया था। संदीप घर से मोटरसाइकिल लेकर निकला था। इसके बाद वह वापस नहीं आया। उन्होंने 17 सितंबर को गन्नौर पुलिस थाना में उसकी गुमशुदगी की शिकायत दी। गन्नौर थाना पुलिस ने संदीप के मोबाइल की लोकेशन जांची तो उसकी आखिरी लोकेशन सुताना गांव में मिली। वह अपनी शिकायत लेकर पानीपत के पुराना औद्योगिक क्षेत्र थाना पुलिस के पास पहुंचे। 18 सितंबर को रोहतक में नहर में एक युवक का शव मिला था। उसके हाथ पर बने उसकी मां का टैटू बना हुआ था। उन्होंने टैटू से शव की पहचान संदीप के रूप में की थी। शव पर लाठी डंडों के निशान थे।
पड़ोसियों ने की थी संदीप को भगाने की कोशिश
15 सितंबर की रात को अन्नु के घर से एक युवक की चिल्लाने की आवाज आ रही थी। रात को ये आवाज सुनकर पड़ोसी जाग गए थे। पड़ोसियों ने अन्नु के मकान का गेट खोला तो गंभीर रूप से घायल संदीप ने यहां से भागने की कोशिश की लेकिन वह घायल अवस्था में भाग नहीं पाया और गली में गिर गया था। सुनील ने पड़ोसियों को बताया कि यह चोर है उनके घर में चोरी करने घुसा था। इसके बाद वह संदीप को घसीटकर दोबारा घर में ले गए और उसकी हत्या कर दी।