फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Panipat News: काजल खुद को निर्दलीय बता बनीं जिप चेयरपर्सन

विज्ञापन
विज्ञापन
पानीपत। लोकसभा चुनाव की मतगणना के ठीक 10 दिन बाद पानीपत की जिला परिषद में बड़ा बदलाव देखने को मिला। वार्ड-13 से निर्दलीय पार्षद काजल देशवाल जिला परिषद की चेयरपर्सन बनी हैं। उनको भाजपा के साथ कांग्रेस समर्थित समेत 13 पार्षदों का समर्थन मिला है। भाजपा की पूर्व चेयरपर्सन ज्योति शर्मा समेत चार पार्षदों ने चेयरपर्सन के चुनाव से दूरी बनाए रखी। काजल देशवाल ने दिन में किसी दल की बजाय सबको साथ लेकर विकास कराने का दावा किया, शाम को उनके पति संदीप देशवाल कांग्रेस का पटका पहने मिले। जिला परिषद में भाजपा की सीधी कमान खत्म हो गई है। वाइस चेयरमैन आर्य सुरेश मलिक पहले से कांग्रेस के हैं। काजल देशवाल को सात जून को चुनाव के बाद कांग्रेस में ज्वाइन कराने की चर्चा थी। रोहतक सांसद दीपेंद्र हुड्डा का भी पानीपत में कार्यक्रम तय कर लिया गया था।
विज्ञापन


जिला परिषद के चुनाव को लेकर शुक्रवार को सुबह 11 बजे जिला सचिवालय के प्रथम तल पर बैठक रखी। वार्ड-13 की पार्षद काजल देशवाल वाइस चेयरमैन आर्य सुरेश मलिक और वार्ड-2 के पार्षद रणदीप कवी की अगुवाई में सभी 13 पार्षद जिला सचिवालय में एक साथ पहुंचे। उन्होंने इससे पहले बैठक भी की। जिसमें चुनाव की बजाय सर्वसम्मति बनाने के प्रयास करने का फैसला लिया। दूसरे पक्ष के चुनाव को लेकर सामने आने पर वोटिंग भी ध्यान से करने वाले समझाया गया। उपायुक्त डॉ. वीरेंद्र कुमार दहिया ने बैठक की अध्यक्षता की। उन्होंने पहले अपनी व्यस्तता के चलते नायब तहसीलदार अस्तित्व पाराशर काे ड्यूटी मजिस्ट्रेट नियुक्त किया था। सभी पार्षदों की हाजिरी के बाद साढ़े 11 बजे चुनाव प्रक्रिया शुरू की। सभी पार्षदों ने काजल देशवाल को चेयरपर्सन बनाने का अपना समर्थन दिया। इसके बाद चुनाव को लेकर तैयार ईवीएम के प्रयोग करने की आवश्यकता नहीं रही।

बॉक्स

सबका साथ सबका विकास : काजल

जिला परिषद की नव चयनित चेयरपर्सन काजल देशवाल ने सबका साथ सबका विकास की नीति से काम कराने का फैसला लिया। उन्होंने कहा कि सभी पार्षदों ने उनका साथ दिया है। वह जिला परिषद में पूर्व की चेयरपर्सन के कार्यकाल की कहानी नहीं दोहराने देंगी। सभी पार्षदों से उनके काम मांगे जाएंगे। बैठक में पास काम निर्धारित समय पर पूरे कराए जाएंगे। उनके पति संदीप देशवाल ने बताया कि वे किसी पार्टी के साथ नहीं हैं। वे जिला सचिवालय से जुलूस के बाद वाइस चेयरमैन आर्य सुरेश मलिक ने आर्य एंक्लेव स्थित आवास पर पहुंचे। यहां संदीप देशवाल को कांग्रेस का पटका पहनाया गया।
विज्ञापन


बॉक्स
जनवरी से अब तक ऐसे चला घटनाक्रम

जिला परिषद के 13 पार्षद 28 जनवरी को चेयरपर्सन ज्योति शर्मा के खिलाफ अविश्वास लेकर आए थे। उन्होंने शपथ पत्र उपायुक्त को सौंप दिए थे। इसके बाद पार्षदों में खेमेबंदी खुलकर सामने आ गई थी। उनका आरोप है कि पार्षदों की विकास कार्यों में अनदेखी बरती जा रही है। प्रशासन ने नौ फरवरी को अविश्वास बैठक बुलाई थी। इससे एक दिन पहले ही उपायुक्त अवकाश पर चले गए थे। इसके चलते बैठक स्थगित कर दी गई थी। प्रशासन ने छह मार्च को अविश्वास बैठक बुलाई थी। अविश्वास बैठक में नार्म्स पूरे होते देख चेयरपर्सन ज्योति शर्मा इस्तीफा लेकर बैठक में पहुंच गई थी। उन्होंने अपना इस्तीफा उपायुक्त को सौंप दिया था। वहीं पार्षदों ने अपना विश्वास पूरा दिखा दिया था। इसके बाद लोकसभा चुनाव की आचार संहिता लागू हो गई।
वर्जन :

जिला परिषद की चेयरपर्सन के चुनाव की बैठक में 17 में से 13 पार्षद पहुंचे थे। नार्म्स पूरे होने पर शुक्रवार को सर्वसम्मति से वार्ड-13 पार्षद काजल देशवाल को चेयरपर्सन चुन लिया गया है। उनको नियुक्ति पत्र सौंप दिया है। वे जिला परिषद की आगामी कार्रवाई संभालेंगी।
विज्ञापन

डॉ. वीरेंद्र कुमार दहिया, उपायुक्त।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें