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Panipat News: विज्ञान लैब में प्रैक्टिकल करवाना अनिवार्य

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पानीपत। राजकीय विद्यालयों की विज्ञान प्रयोगशालाओं में शिक्षकों को अब प्रैक्टिकल करवाना अनिवार्य होगा। यदि शिक्षकों ने प्रयोगशाला में प्रयोग नहीं करवाए और निरीक्षण में सामान सीलबंद मिला तो शिक्षकों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। शिक्षा विभाग ने विद्यालयों में विज्ञान शिक्षण को प्रभावी बनाने व विज्ञान प्रयोगशालाओं को सुचारू रूप से चलाने के लिए नए निर्देश जारी किए हैं।
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निर्देशानुसार प्रयोगशालाओं में होने वाली हर गतिविधि का शिक्षकों को अब रिकॉर्ड रखना होगा और विद्यार्थियों को प्रयोग करवाने होंगे। यदि प्रयोगशालाओं में होने प्रयोग होने वाली किट व अन्य सामान का प्रयोग नहीं होता है तो उसकी जवाबदेही शिक्षकों की होगी। जिला विज्ञान विशेषज्ञ संदीप कुमार ने बताया कि विद्यालयों में विज्ञान प्राध्यापक एवं अध्यापक विज्ञान प्रयोगशालाएं का नियमित रूप से प्रयोग करेंगे और प्रयोग गतिविधियां तथा प्रोजेक्ट कार्य आयोजित करवाएंगे। इसके साथ ही लॉग बुक में करवाई गई गतिविधि का रिकॉर्ड रखेंगे।
लाग बुक में उन्हें ये लिखना होगा कि किस कक्षा को किस तारीख को विज्ञान का प्रैक्टिकल करवाया गया। उस समय कितने छात्र और छात्राएं उपस्थित थी। साथ ही विज्ञान के प्रैक्टिकल में क्या सामान इस्तेमाल हुआ। संबंधित विज्ञान व गणित प्राध्यापक व अध्यापक विभाग द्वारा जो भी विज्ञान एवं गणित की किट उपलब्ध करवाई जाती हैं। उसका विवरण स्टॉक रजिस्टर में दर्ज किया गया है या नहीं।
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उन्होंने बताया कि दोनों का मिलान समय-समय पर किया जाएगा। इतना ही नहीं, शिक्षकों को ध्यान रखना होगा कि जो विज्ञान, गणित की किट, बॉक्स स्कूलों में आ रहें हैं। उनका इस्तेमाल विज्ञान प्रयोगशाला में जरूर हो। यदि उनका प्रयोग नहीं किया जाता है तो संबंधित शिक्षक इसके लिए जिम्मेदार होगा।

बॉक्स

करवानी होंगी ये प्रतियोगिताएं :
इंस्पायर अवॉर्ड मानक योजना, विज्ञान नाटक, विज्ञान संगोष्ठी, राष्ट्रीय विज्ञान दिवस उत्सव, जिलास्तरीय विज्ञान निबंध लेखन प्रतियोगिता, जिलास्तरीय विज्ञान प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता, राष्ट्रीय बाल वैज्ञानिक प्रदर्शनी, विज्ञान व्याख्यान श्रृंखला, राष्ट्रीय पृथ्वी विज्ञान ओलंपियाड, विद्यार्थी विज्ञान मंथन, लोधा जीनियस प्रोग्राम आदि में अधिक से अधिक विद्यार्थी और अध्यापकों को जरूर भाग लेना होगा।

बॉक्स

इन निर्देशों का करना होगा पालन

- विज्ञान प्रैक्टिकल का पाठ्यक्रम विज्ञान लैब में चस्पा किया जाएं।

- कक्षा छठी से आठवीं तक के विद्यार्थियों को अपर प्राइमरी साइंस किट के माध्यम से विज्ञान के प्रैक्टिकल करवाए जाएं।

- स्कूलों में एक सुझाव पेटी लगाई जाए ताकि स्कूल के विद्यार्थी विज्ञान शिक्षण को प्रभावी बनाने के लिए अपने सुझाव पत्र के माध्यम से सुझाव पेटी में डाल सके।

- सभी स्कूलों में विज्ञान कक्षा की अनिवार्यता सुनिश्चित की जाए।

- विज्ञान के प्रैक्टिकल पाठ्यक्रम के अनुसार हो।

- स्कूल स्तर पर जॉयफुल शनिवार वाले दिन विद्यार्थियों में विज्ञान के प्रति आकर्षण उत्पन्न करने के लिए विज्ञान प्रैक्टिकल के आधार पर क्विज प्रतियोगिता करवाई जाएं।
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वर्जन-
विभाग की ओर से सभी स्कूलों की विज्ञान प्रयोगशाला में प्रैक्टिकल करवाना अनिवार्य किया गया है। स्कूल मुखियाओं को निर्देश दिए गए हैं कि वो स्कूल में स्थापित विज्ञान प्रयोगशालाओं में इलेक्ट्रिसिटी फिटिंग, वाटर सप्लाई, फर्नीचर, ब्लैकबोर्ड, साफ-सफाई तथा रोशनी की उचित व्यवस्था की व्यवस्था सुनिश्चित करेंगे जिससे विज्ञान लैब में प्रैक्टिकल करवाई जा सके।
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- बिजेंद्र नरवाल, जिला शिक्षा अधिकारी एवं प्राचार्य डायट, पानीपत।
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