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Panipat News: पूर्व कैश कलेक्शन एजेंट ने रची थी 26 लाख रुपये लूट की साजिश

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पानीपत। 25 जून को नांगलखेड़ी गांव के पास कैश कलेक्शन एजेंट से हुई 26 लाख रुपये की लूट की वारदात का पर्दाफाश कर दिया गया है। पुलिस ने इस वारदात के सरगना समेत दो आरोपियों को गुजरात के अहमदाबाद से गिरफ्तार किया है। इस वारदात में सरगना का छोटा भाई भी शामिल था, जो पानीपत के इसी उद्यमी के पास कैश कलेक्शन का पहले काम कर चुका है।
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उल्लेखनीय है कि आरोपी ने अपने बड़े भाई के साथ पूरी साजिश रची थी। उसे पीड़ित एजेंट के बारे में पता था। आरोपी वारदात से दो दिन पहले पानीपत आ गए थे। रैकी कर इन्होंने वारदात को अंजाम दिया। सरगना ने कर्ज उतारने के लिए वारदात को अंजाम दिया। सीआईए वन ने आरोपियों को छह दिन के रिमांड पर लिया है। रिमांड के दौरान इनसे लूटी की राशि, चाकू व वारदात में प्रयुक्त गाड़ी बरामद की जाएगी। बाकी तीन आरोपियों की धरपकड़ जारी है।

सीआईए वन इनपुट के आधार पर शुक्रवार को अहमदाबाद पहुंची थी। यहां से टीम ने वनराज उर्फ विपुल निवासी वेड पाटन गांव, अहमदाबाद व दलीप निवासी पदराडा पाटन गांव , अहमदाबाद गुजरात को गिरफ्तार किया। एसपी अजीत सिंह शेखावत ने बताया कि वेड पाटन गांव, अहमदाबाद निवासी जयेश पानीपत में एक उद्यमी के पास कैश कलेक्शन का काम करता था। वह 25 जून को रोहतक से 26 लाख रुपये कैश लेकर अपने सेक्टर 12 स्थित कमरे के मकान में जा रहा था। रास्ते में नांगलखेड़ी गांव के पास एक एसयूवी कार सवार बदमाशों ने उसका रास्ता रोककर उससे 26 लाख रुपये लूट लिए थे। सीआईए की टीमें मामले का पर्दाफाश करने में जुटी थी। सीआईए वन को आरोपियों के बारे में इनपुट मिले थे। सीआईए वन की टीम को अहमदाबाद भेजा गया था। यहां से वनराज उर्फ विपुल व दलीप को गिरफ्तार किया गया।
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वनराज ने पुलिस पूछताछ में बताया कि उसने कुछ समय पहले गांव में करियाना दुकान की थी। यह दुकान नहीं चली। उसके ऊपर बहुत अधिक कर्ज हो गया था। वह काफी परेशान चल रहा था। उसका छोटा भाई लक्ष्मण छह माह पहले पानीपत में एक कारोबारी के पास कैश कलेक्शन एजेंट के रूप में काम करता था। उसने दो माह नौकरी करने के बाद छोड़ दी थी। अब उसी कारोबारी के पास उनके गांव का जयेश काम करता था। इसके बारे में लक्ष्मण ने उन्हें बताया था।
लक्ष्मण ने बताया था कि जयेश 25-30 लाख रुपये कैश लेकर आता है। उन्होंने वारदात की पूरी प्लानिंग तैयार की। उन्होंने इसमें दलीप, अपने गांव के सद्दाम व मुस्ताक खान को शामिल किया। वह 23 जून को पानीपत पहुंच गए। यहां उन्होंने जयेश की रेकी की और 25 जून सुबह साढ़े 11 बजे जयेश से 26 लाख रुपये लूट लिए। आरोपी सद्दाम व मुस्ताक लूटी गई 26 लाख रुपये की नगदी में से छह लाख रुपये लेकर रोहतक पहुंचने पर कार से उतर गए थे। उन्होंने गुजरात पहुंचकर बाकी बचे पैसे आपस में बांट लिए थे।
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