पानीपत। लगातर चौथे दिन शनिवार शाम को करीब तीन घंटे तक जमकर बारिश हुई और करीब 50 एमएम हुई। इससे शहर में जीटी रोड से लेकर सभी मुख्य रास्ते, कॉलोनियों, सेक्टर, बाजार जलमग्न हो गए। सड़कों पर पानी इस कद्र भरा कि बाढ़ जैसे हालात बन गए। इससे शहर की सभी सड़कों पर लंबा जाम लग गया। अमर भवन चौक पर तो एंबुलेंस तक फंस गई। जिसे स्थानीय लोगों ने मशक्कत के बाद निकलवाया। एक बार फिर से इस बारिश ने निगम के विकास कार्यों के साथ सफाई व्यवस्था की पोल खोल दी।
बता दें कि अब तक चारों दिनों में करीब 140 एमएम बारिश हो चुकी है। निगम और जिला प्रशासन के दावे फेल हो चुके हैं। बारिश पर सीएम तक बयान आ चुका है कि खेतों से पानी को जल्द से जल्द निकलवाने के लिए उन्होंने प्रदेश भर के उपायुक्तों को निर्देश जारी किए हैं।
जीटी रोड पर संजय चौक, सनौली रोड, खादी आश्रम के सामने, गोहना रोड और संजय चौक के बीच का एरिया, संजय चौक से रेलवे रोड तक बरसाती पानी भर चुका है। संजय चौक पर तीन से चार फीट तक पानी भरा रहा। एसडी कॉलेज, आईबी कॉलेज के गेट के बाहर भी चार फीट पानी जमा हो गया। आने जाने वाले वाहन पानी में फंसे रहे। पानी में बड़े वाहनों के जाने से इनकी लहरों ने कई बाइक सवारों तक को पानी में गिरा दिया। इनके वाहन ज्यादा पानी भरने से बंद हो गए, जिससे इनको धक्के मारकर ही इन्हें पानी से बाहर निकालना पड़ा।
शहर के मुख्य अंडर पासों में से सेक्टर छह, असंध रोड के नीचे, गोहाना रोड के नीचे और एनएफएल टॉउनशिप के अंडर पास में सात से नौ फीट तक पानी भर चुका है। बारिश बंद होने के बाद से लगातार मोटरें चलाई जा रही हैं, लेकिन इसके बाद भी पानी निकलने का नाम नहीं ले रहा है, जितना पानी निकाला जा रहा है उससे ज्यादा आसपास का पानी वापस यहां भरता जा रहा है। रेलवे लाइन के साथ लगती कॉलोनियां भी जलमग्न हो गई। बरसाती पानी रेलवे लाइन से भी जा टकराया। रेलवे लाइन के साथ लगती दोनों साइड की जमीन पर बरसाती पानी के तालाब बन चुके हैं। वहीं, विकास नगर, कृष्णपुरा से लेकर सेक्टर 6 तक पानी की निकासी भी रेलवे की जमीन पर होने से यहां गंदे पानी के बड़े-बड़े तालाब बन गए हैं।
बाजारों में घुसा पानी, बंद-शहर के हर बाजार में बरसाती पानी घुस चुका है। शहर के दुकानदारों ने अपनी दुकानों को बंद कर दिया है। पालिका बाजार, मेन बाजारा, इंसार बाजार में पानी दो से तीन फीट तक जमा हो गया। इससे दुकानदारों में निगम के खिलाफ कोई रोष बना हुआ है। दुुकानदारों का कहना है कि सालों से चली आ रही इस समस्या से उन्हें निजात आज तक नहीं मिल पाई है।
कई सड़कों पर बरसाती पानी की वजह से गड्ढ़े न दिखने से कई हादसे भी हुए हैं, जिनमें कई रिक्शा चालक गिरे और कई बाइक सवारों को चोटें तक आई हैं। उझा रोड, अनाज मंडी का रास्ता, सनौली रोड, कृष्णपुरा बाजार, जाटल रोड फ्लाईओवर के नीचे, बरसत रोड, गोहाना रोड पर भी लोगों को पानी में गड्ढ़े न दिखने की वजह से परेशानी झेलनी पड़ी है।