पानीपत। फॉगिंग को लेकर जिम्मेदार अधिकारियों की टालमटोल का खामियाजा लोगों पर पड़ने लगा है। बारिश के मौसम में बुखार और चमड़ी का रोग घरों में घुस गया है। शहर से लेकर गांवों तक हर तीसरे घर में एक बीमार है। ग्रामीणों की मानें तो घर में बुखार घुसने के बाद सभी सदस्यों को चपेट में लेता है। हालात यह है कि जिला नागरिक अस्पताल में ओपीडी 2200 तक पहुंच गई है। वहीं मरीजों के इलाज की स्थिति उससे भी ज्यादा बिगड़ी हुई है। 200 बेड के जिला नागरिक अस्पताल में 375 तक मरीज पहुंच रहे हैं। ऐसे में एक बेड पर दो-दो मरीजों का इलाज किया जा रहा है।
पिछले तीन दिन रुक-रुककर बारिश चली। इससे पहले गत सप्ताह भी बारिश चली। शहर से लेकर गांवों में खाली प्लॉट और अन्य स्थानों पर पानी जमा हो गया। ऐसे में मच्छरों की भरमार हो गई है। जिसके चलते लोगों में बुखार हो रहा है। इसके साथ चमड़ी के रोगी भी आ रहे हैं। जिला नागरिक अस्पताल में सामान्य दिनों में ओपीडी 1500 तक रहती थी। अब यह 1800 से 2200 तक पहुंच रही है। अस्पताल में सुबह के समय ही लंबी लाइन लग जाती है। सोमवार को ओपीडी की संख्या सबसे अधिक रहती है। इस दिन काउंटर से लेकर चिकित्सक के केबिन के बाहर भी मरीजों की लाइन लगी रहती है।
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कई गांवों में हर घर में मरीज
बुखार और चमड़ी की बीमारी तेजी से बढ़ रही है। सनौली व बापौली क्षेत्र के कई गांवों में हर घर में मरीज हैं। ग्रामीणों की मानें तो परिवार के एक सदस्य को पहले बुखार आता है। उसके स्वस्थ होने से पहले ही दूसरा बीमार पड़ जाता है। बापौली निवासी राजेश ने बताया कि उसको एक सप्ताह पहले बुखार आया था। उसके ठीक होते ही उसकी पत्नी को बुखार हो गया है।
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डेंगू के 13 और मलेरिया के दो केस आए
स्वास्थ्य विभाग जिला में एंटी लारवा एक्टिविटी लगातार चल रहा है। जिले में अब तक डेंगू के 13 केस सामने आ चुके हैं। वहीं मलेरिया के दो केस आए हैं। पिछले साल डेंगू के 351 केस आए थे। 2022 में इनकी संख्या 296 और 2021 में 287 थी। लोगों को इस महीने डेंगू और मलेरिया फैलने का डर सता रहा है।
वर्जन :
बारिश के मौसम में बुखार और चमड़ी के रोगी की संख्या बढ़ी है। जिला नागरिक अस्पताल समेत अन्य केंद्रों पर मरीजों की जांच के व्यापक प्रबंध किए गए हैं। अस्पताल में मरीजों काे हर संभव इलाज दिया जा रहा है।
वर्जन :
संबंधित अधिकारियों को फॉगिंग करने के आदेश दिए गए हैं। इसमें किसी प्रकार की लापरवाही मिलती है तो उचित कार्रवाई की जाएगी।
डॉ. पंकज, एडीसी।