पानीपत। जाटल रोड राजपूत कालोनी निवासी एक ई-रिक्शा चालक ने सोमवार को सुबह फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली। उसका शव पड़ोस के एक निर्माणधीन मकान की खिड़की पर कपड़े से बने फंदे पर लटका मिला। सुबह नौ बजे राजमिस्त्री काम पर पहुंचे तो उन्होंने शव की सूचना मालिक और मृतक के परिजनों को दी। पुलिस ने पोस्टमार्टम कराकर शव परिजनों को सौंप दिया।
राजपूत कॉलोनी निवासी सुमित ने बताया कि उसके पिता सुखबीर (49) ई-रिक्शा चलाते थे। उनकी दिमागी नश कमजोर हो चुकी थी। इससे वह मानसिक रूप से परेशान रहते थे। वह हर रोज की तरह सुबह करीब चार बजे ई-रिक्शा लेकर निकले। पड़ोस के निर्माणाधीन मकान में सुबह नौ बजे राजमिस्त्री काम करने पहुंचे तो उन्होंने खिड़की पर लगे फंदे में उसके पिता को लटका देखा। राज मिस्त्री ने उन्हें सूचना दी। सूचना पाकर वह मौके पर पहुंचे और उन्हें फंदे से उतार कर अस्पताल पहुंचाया, जहां डाक्टर ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। सुमित ने बताया कि पिता ने फाग वाले दिन भी नहर में कूदकर आत्महत्या करने का प्रयास किया था, लेकिन उस समय उन्हें लोगों ने बचा लिया था। सुखबीर के तीन बच्चे हैं, जिनमें दो बेटे शादीशुदा हैं और छोटा बेटा अविवाहित है।