बापौली। धनसौली गांव के राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय के सामने वाली मुख्य गली में कई माह से गांव का गंदा पानी जमा है। इससे स्कूल में पढ़ने के लिए आने वाले बच्चों को कड़ी मशक्कत करनी पड़ती है। बच्चों को अपने जूते उठाकर में उठाकर, पतलून ऊपर उठाकर नंगे पैर इस गंदे पानी से रोज होकर गुजरना पड़ रहा है। कुछ ऐसा ही हाल पैदल आने जाने वाले अध्यापकों और अभिभावकों का भी है।
कई माह से जब इस परेशानी का समाधान नहीं हुआ तो अभिभावकों ने प्रधानाचार्या मीनू चौधरी से अपने बच्चों का स्कूल छोड़ने का प्रमाण पत्र तक मांग लिया। इस दौरान ग्रामीण अशोक, अर्जुन, वकील, प्रदीप आदि ने बताया कि उनके दर्जनों बच्चे गांव के सरकारी स्कूल में पढ़ने आते हैं लेकिन हर रोज गंदे पानी से गुजरकर बच्चों को स्कूल में आना पड़ रहा है। गंदे पानी में नंगे पैर आने जाने की वजह से बच्चों के पैर नीचे से गलने लगे हैं। कई बच्चों को एलर्जी की भी शिकायत हो चुकी है। अब उन्हें बच्चों में गंभीर बीमारी फैलने का डर सताने लगा है।
जिसकी शिकायत वे सरपंच, बीडीपीओ को भी लिखित और मौखिक रूप से कर चुके हैं। सरपंच का एक ही जवाब आता है कि उन्होंने इस मामले लेकर लिखित शिकायत भेज दी है और जल्द ही उक्त समस्या का समाधान हो जाएगा। कई माह बीत जाने के बाद भी समस्या का कोई समाधान नहीं हुआ है। प्रशासनिक अधिकारियों की लापरवाही का खामियाजा स्कूल में आने वाले बच्चों को भुगतना पड़ रहा है।
जल्द ही सैकड़ों बच्चों का स्कूल से कटवाएंगे नाम
बच्चों का नाम कटवाने के लिए प्रधानाचार्या से मिलने के लिए आए अभिभावक ग्रामीणों ने बताया कि ग्रामीण अभी धान का सीजन होने के कारण व्यस्त हैं लेकिन जल्द ही सैकड़ों बच्चों का नाम कटवाने के लिए स्कूल में आएंगे।
वर्जन:
इस समस्या बारे उच्चाधिकारियों को अवगत करा रखा है। साथ ही एसएलसी लेने के लिए आए दर्जनों बच्चों के अभिभावकों से लिखित पत्र ले लिया है। उन्हें समझाने का भी प्रयास किया कि जल्द ही समस्या का समाधान हो जाएगा। लेकिन वे बच्चों में बीमारी फैलने की बात कहकर एसएलसी लेने के लिए अड़े हैं।
मीनू चौधरी, प्रधानाचार्या, राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय धनसौली।
वर्जन:
इस मामले को लेकर सीईओ जिला परिषद से बात की है। इसके लिए 94 हजार रुपये का एस्टीमेट भी बनवा दिया गया है। कुछ तकनीकी परेशानी है। जल्द ही समस्या का समाधान करा दिया जाएगा।
रितू लाठर, बीडीपीओ, सनौली।
वर्जन:
मामला संज्ञान में है। वे खुद स्कूल का निरीक्षण करेंगे और जल्द समस्या का समाधान करवाएंगे।
कुलदीप दहिया, जिला शिक्षा अधिकारी।