जाटल रोड स्थित एक डेयरी के नौकर की सोते वक्त वजनदार हथियार से हत्या कर दी गई। हत्यारों ने नौकर के चेहरे को बुरी से कुचल दिया। सभी नौकरी की पत्नी को कमरे में बंद कर भाग गए। सुबह डेयरी मालिक के पहुंचने पर वारदात का खुलासा हुआ। उसने ही असंध नाका चौकी पुलिस को इसकी सूचना दी। स्वास्थ्य विभाग अधिकारियों ने शव का बोर्ड से पोस्टमार्टम कराकर उसे परिजनों को सौंप दिया। पुलिस हत्या की जगह किसी जंगली जानवर के हमले में मौत बात रही है, जबकि परिजन नौकर की हत्या का दावा कर रहे हैं।
थाना मॉडल टाउन के अंतर्गत जाटल रोड स्थित मोजीराम मान की डेरी के नौकर इकराम (28) निवासी गांव बड़ोता, करनाल का शव वीरवार सुबह डेयरी के आंगन में मिला। इकराम के सिर पर वजनदार हथियार से हमला किया गया था, फिर चेहरे को किसी नुकीले हथियार से बुरी तरह से कुचल गया था। आरोप है कि इस दौरान उसकी पत्नी जोसिला के कमरे की बाहर की कुंडी लगा दी गई। डेयरी संचालक के बेटे नरेंद्र मान ने बताया कि इकराम के अलावा डेयरी पर 15 नौकर काम करते हैं। इकराम भी चार साल से डेयरी पर ही रहता था। वह बुधवार शाम को दूध निकलवाने के बाद घर चला गया। सुबह चार बजे उसके पिता मोजीराम डेरी पर गए तो उन्होंने इकराम के शव को खून से लथपथ आंगन में चारपाई पर पड़ा देखा। उन्होंने इसकी सूचना पुलिस को दी। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर डेयरी के अन्य नौकरों से पूछताछ की। पुलिस के मुताबिक इकरार पर सोते वक्त किसी जंगली जानवर ने हमला किया है। इससे ही इकरार की मौत हुई है।
पत्नी बोली एक बजे तक सब ठीक था
मृतक इकरार की पत्नी जोसिला ने बताया कि बुधवार रात उसका सात वर्षीय बेटा साहिल और पांच वर्षीय बेटा सोहेल कमरे में सो रहे थे। वह पति इकरार के साथ डेयरी के आंगन में सो रही थी। एक बजे ठंड महसूस होने पर वह भी बच्चों के पास कमरे में चली गई। सुबह साढ़े चार बजे मालिक मोजीराम ने आकर उनके कमरे की बाहर से कुंडी खोली और उन्हें जगाया। उसके बाद ही उन्हें जानकारी हुई।
पैरों के मिले निशान
मृतक इकरार का शव चारपाई पर खून से लथपथ पड़ा था। इकरार की चारपाई के पास हत्यारे की चप्पलों के निशान थे। चप्पलों से मिट्टी उखड़ी हुई थी। पैरों के निशानों से अंदाजा लगाया जा रहा है कि हत्यारे दो या दो से अधिक रहे होंगे।
डेरी में 15 नौकर, किसी को भनक तक नहीं लगी
इकरार की मौत डेयरी के आंगन में हुई। इस दौरान वहां 15 नौकर भी सो रहे थे, लेकिन किसी को भी वारदात की भनक नहीं लग पाई। यह बात भी पुलिस के गले नहीं उतर रही है।
पुलिस की कार्रवाई पर बड़े सवाल
पुलिस इकरार की मौत का कारण जंगली जानवरों का हमला बता रही है। यदि इकरार पर जंगली जानवर ने हमला किया तो उसकी पत्नी जोशिला के कमरे के बाहर की कुंडी किसने लगाई
इकरार पर यदि जंगली जानवर ने हमला किया था तो सिर्फ चेहरे को ही क्यों कुचला
यदि जंगली जानवर हमला करता तो चेहरे को नोंच जाता। लेकिन, चेहरे को नोंचा नहीं गया है। चेहरे पर नाक, होठ, आंखें आदि हिस्से वहीं मिले। चेहरे को केवल कुचला गया है।
इकरार की चारपाई के पास मिले चप्पलों के निशान किसके हैं
इकरार के सिर पर भी वजनदार हथियार के वार का निशान है। यह जंगली जानवर नहीं कर सकता।
जाटल रोड जैसे व्यस्त क्षेत्र में जंगली जानवरों का घुसना आसान नहीं है। इससे पहले क्षेत्र में कभी जंगली जानवरों को नहीं देखा गया।
सुबह वारदात की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंच गई थी। पुलिस ने शव को सिविल अस्पताल भिजवा दिया था। शव का चेहरा बुरी से तरह से नोंचा गया है। प्राथमिक जांच में नौकर की मौत का कारण जंगली जानवर का हमला लग रहा है। मामले की जांच के लिए विसरा मधुबन लैब भेज दिया है। पुलिस जांच कर रही है।
कृष्ण कुमार, इंचार्ज, असंध नाका चौकी पुलिस।