गांव उग्रा खेड़ी स्थित एक नशा मुक्ति केंद्र में असंध की वाल्मीकि बस्ती निवासी एक युवक की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। परिजनों ने नशा मुक्ति केंद्र संचालकों पर हत्या का आरोप लगाया है। युवक को एक मई को ही केंद्र में दाखिल कराया गया था। परिजनों का आरोप है कि युवक को गर्म चीज से दागा गया है। वह गंदगी के ढेर में पड़ा मिला था। थाना चांदनी बाग पुलिस ने सिविल अस्पताल में पोस्टमार्टम करवाने के बाद शव परिजनों को सौंप दिया। पुलिस ने परिजनों की शिकायत के आधार पर कार्रवाई की है। थाना चांदनी बाग पुलिस का कहना कि मौत के असल कारणों का खुलासा पोस्टमार्टम रिपोर्ट से होगा। उसके बाद ही कार्रवाई की जाएगी।
वाल्मीकि बस्ती असंध निवासी विनोद कुमार (30) को परिजनों ने एक मई गांव उग्रा खेड़ी स्थित नशा मुक्ति केंद्र में दाखिल कराया था। विनोद के परिजनों ने बताया कि विनोद शराब और नशीले पदार्थों का आदी था। परिजनों ने नशा छुड़ाने के लिए उसे उग्राखेड़ी स्थित नशा मुक्ति केंद्र में एक मई को दाखिल करवाया था। विनोद के चचेरे भाई सोमा ने बताया कि नशा मुक्ति केंद्र वाले विनोद से फोन पर भी बात तक नहीं करने देते थे। बताया कि नशा मुक्ति केंद्र से शनिवार को फोन आया। उन्होंने बताया कि विनोद की छाती में दर्द है। आकर इलाज करवा लें। वे लोग नशा मुक्ति केंद्र में पहुंचे तो देखा कि विनोद एक गंदे कमरे में बेहोश पड़ा था। विनोद को तुरंत शहर के एक निजी अस्पताल में दाखिल करवाया। कुछ देर बाद डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इसकी सूचना मिलते ही थाना चांदनी बाग पुलिस मौके पर पहुंची और शव को शवगृह में रखवा दिया।
बुरी तरह से पीटा और दागा : परिजन
परिजनों ने आरोप लगाया कि नशा मुक्ति केंद्र संचालकों ने उसकी इतनी पिटाई की कि विनोद की मौत हो गई। बताया कि विनोद के शरीर पर पिटाई और दागे जाने के निशान भी थे। उन्होंने केंद्र संचालकों पर हत्या करने का आरोप लगाते हुए उचित कार्रवाई की मांग की है।
उग्राखेड़ी स्थित नशा मुक्ति केंद्र में एक युवक की मौत हो गई थी। परिजनों की शिकायत के आधार पर मामले में कार्रवाई शुरू कर दी है। इसमें फिलहाल धारा 174 के तहत कार्रवाई करते हुए पोस्टमार्टम कराकर शव परिजनों को सौंप दिया है। मौत के असल कारणों का खुलासा पोस्टमार्टम की रिपोर्ट आने के बाद ही हो पाएगा। उसके आधार पर ही कार्रवाई होगी।
संदीप कुमार, प्रभारी, थाना चांदनी बाग, पानीपत।