फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

-समेसिंह को गांव से निकलने का दिया था फरमान

विज्ञापन
विज्ञापन
शिमला मौलाना के समेसिंह को दी पुलिस सुरक्षा
विज्ञापन

अमर उजाला ब्यूरो
पानीपत। पुलिस ने शिमला मौलाना गांव में एक परिवार को गांव से निकालने के मामले में पीड़ित समे सिंह को पुलिस सुरक्षा मुहैया करा दी है। समे सिंह ने एक जनवरी को अपने घर जाने की बात कही है। वह फिलहाल पट्टीकल्याणा गांव में अपने भाई के घर रह रहा है।
शिमला मौलाना निवासी समे सिंह शुक्रवार को डीएसपी मुख्यालय जगदीप दून से मिला। उसने डीएसपी के सामने मामला रखा। समे सिंह ने उसे गांव से निकाले जाने के आरोप लगाए और गांव में रहने की इच्छा जताई। पुलिस ने मामले को देखते हुए समे सिंह को पुलिस सुरक्षा दे दी। समे सिंह ने बताया कि वह एक जनवरी को अपने गांव जाएगा। विदित है कि डीएसपी जगदीप दूहन और थाना सदर प्रभारी हरभजन सिंह वीरवार को गांव शिमला मौलाना पहुंचे थे। डीएसपी के सामने सरपंच और पंचायत ने आरोपों को निराधार बताया था। दलित अधिकार मंच हरियाणा व अखिल भारतीय खेत मजदूर यूनियन ने भी समे सिंह के समर्थन में आकर प्रशासनिक अधिकारियों को ज्ञापन सौंपा था।
विज्ञापन

2014 में शिमला मौलाना गांव में महिला दर्शना की हत्या कर दी गई थी। थाना सदर पुलिस ने इसमें पिछले माह ही अमित, उसकी मां और समे सिंह के बेटे प्रवीण को गिरफ्तार किया था। समे सिंह का कहना है कि उसके बेटे प्रवीण का हत्या में हाथ नहीं था। आरोपी से झूठ बोलकर उससे कपड़े मंगवाए थे।
विज्ञापन

वर्जन
गांव में 36 बिरादरी का भाईचारा है। समे सिंह को किसी तरह का गांव छोड़ने का फरमान नहीं दिया गया है। ग्राम पंचायत खुद गांव में भाईचारे को बढ़ावा दे रही है। कुछ लोग अपने नंबरों के चक्कर में इस तरह के आरोप लगा रहे हैं। समे सिंह का गांव में अपना घर है।
पिंकी, सरपंच, शिमला मौलाना।
वर्जन
शिमला मौलाना गांव निवासी समे सिंह ने अपने गांव में जाने की बात कही है। उसको सुरक्षा की दृष्टि से पुलिस सिक्योरिटी मुहैया करा दी है।
- जगदीप दून, डीएसपी मुख्यालय, पानीपत।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें