पानीपत। त्योहारी सीजन को देखते हुए एक बार फिर से सीएम फ्लाइंग करनाल सतर्क हो गई है। बृहस्पतिवार को सीएम फ्लाइंग टीम ने खाद्य एवं आपूर्ति विभाग, खाद्य एवं सुरक्षा विभाग के साथ संयुक्त कार्रवाई करते हुए कुटानी रोड स्थित एक चाप बनाने वाली फैक्टरी पर छापा मारा। इस दौरान मौके से चाप बनाने में प्रयोग किए जाने वाले आटे, मैदे और सोयाबीन के पांच सैंपल भरे गए। वहीं, फैक्टरी में 17 घरेलू सिलिंडर भी मिले। उनके दस्तावेज फैक्टरी संचालक पेश नहीं कर पाया। इस पर खाद्य एवं आपूर्ति विभाग की ओर से फैक्टरी संचालक पर केस दर्ज कराया गया।
सीएम फ्लाइंग टीम करनाल के एसआई राज सिंह के नेतृत्व में खाद्य एवं सुरक्षा विभाग से डॉ. संदीप चौधरी और खाद्य एवं आपूर्ति विभाग से एएफएसओ देवेंद्र कादियान ने छापामारी की।
सीएम फ्लाइंग टीम से एसआई राज सिंह ने बताया कि उन्हें सूचना मिली थी कि कुटानी रोड स्थित एक फैक्टरी में गलत तरीके से चाप बनाया जा रहा है। सूचना के बाद उन्होंने संबंधित विभागों से अधिकारियों की टीम गठित की और प्लानिंग के तहत फैक्टरी पर रेड की। रेड के दौरान हिंदुस्तान पेट्रोलियम कंपनी के 17 घरेेलू सिलिंडर मिले, जिनका कोई दस्तावेज फैक्टरी मालिक के पास नहीं था। इसे लेकर खाद्य एवं आपूर्ति विभाग के एएफएसओ देवेंद्र कादियान ने मुकदमा दर्ज करा दिया। वहीं, चाप में प्रयोग होने वाले आटे, मैैदे और सोयाबीन की जांच की गई। इन सभी के पांच सैंपल खाद्य एवं सुरक्षा विभाग की टीम ने भरे और उनको जांच के लिए लैब भेजा। इस दौरान चाप बनाने की पूरी विधि और मशीनरी की भी जांच की गई। जिस भट्टी से चाप को तैयार किया जाता था, उसकी भी पड़ताल की गई।
सीएम फ्लाइंग रेड के दौरान देखने में आया कि फैक्टरी में मौजूद कारीगर चाप तैयार करने वाले मैटेरियल को जमीन पर ही रखकर चाप तैयार कर रहे थे। ये सोयाबीन और मैदे से तैयार मिश्रण बताया गया। दूसरी ओर कच्चा मॉल गंदे पानी से भरे टबों में भी देखा गया। मौके पर गंदगी और बदबूदार माहौल भी देखने को मिला। स्वास्थ्य विभाग टीम ने कहा कि इस प्रकार की चाप खाने से लोग बीमार हो सकते हैं। वहीं, फैक्टरी में मौजूद कारीगरों की भी जानकारी ली गई।