पानीपत। स्वास्थ्य विभाग स्वास्थ्य सेवाओं को बढ़ाने के लिए लगातार प्लानिंग पर काम कर रहा है। अब समालखा अस्पताल में सिजेरियन डिलीवरी शुरू होने की तैयारी है। अस्पताल में बेहोशी विशेषज्ञ, सर्जन, गायनोकॉलोजिस्ट और बाल रोग विशेषज्ञ की नियुक्ति की जा चुकी है। यहां का ऑपरेशन थियेटर भी तैयार हो चुका है।
सिविल सर्जन ने अगले सप्ताह से समालखा अस्पताल में ही सिजेरियन डिलीवरी शुरू करने के निर्देश हैं। किसी गंभीर स्थिति में ही यहां से प्रसूताओं को सिविल अस्पताल यहां रोहतक पीजीआई रेफर किया जाएगा। अस्पताल के इंचार्ज को हर माह की सिजेरियन और सामान्य डिलीवरी की रिपोर्ट सिविल सर्जन को प्रस्तुत करनी होगी। समालखा अस्पताल में एक साल में 1577 डिलीवरी हुई। मार्च 2022 से मार्च 2023 तक 250 महिलाएं रेफर भी हुईं। अब समालखा अस्पताल में सिजेरियन डिलीवरी शुरू होने से शिशु व मातृत्व मृत्यूदर में भी कमी आएगी।
बाल रोगियों के लिए ओपीडी भी जल्द
समालखा अस्पताल में बाल रोग विशेषज्ञ की नियुक्ति के बाद यहां बाल रोगियों के लिए ओपीडी भी शुरू होगी। इसके लिए भी कई साल से प्रयास किए जा रहे थे। सिविल अस्पताल को छोड़ फिलहाल किसी भी स्वास्थ्य केंद्र में विशेषज्ञ उपलब्ध नहीं हैं। समालखा अस्पताल में 30 लाख रुपये में शवगृह बनाया जा रहा है। इसका काम 90 प्रतिशत पूरा हो चुका है। स्वास्थ्य विभाग की प्लानिंग यहीं पर समालखा और बापौली क्षेत्र के शवों का पोस्टमार्टम कराने की है। अब मात्र सिविल अस्पताल में ही ये सुविधा उपलब्ध है।
वर्जन
समालखा अस्पताल में सिजेरियन डिलीवरी की तैयारी पूरी हो चुकी है। अगले सप्ताह से यहां ये सेवा शुरू हो जाएगी। इसके बाद पोस्टमार्टम की सेवा भी शुरू करेंगे। इसके अलावा ददलाना और बापौली स्वास्थ्य केंद्र को भी अपग्रेड किया जा रहा है।
डॉ. जयंत आहूजा, सिविल सर्जन पानीपत।