पानीपत। सावन में कांवड़ लाने के लिए कांवड़ियों ने हरिद्वार की यात्रा शुरू कर दी है। बोल-बम के जयघोष लगाते दूरदराज के श्रद्धालु पानीपत पहुंचने लगे हैं। यहां से बसों में हरिद्वार के लिए रवाना हो रहे हैं। रविवार को दिनभर में 45 बसों में दो हजार से अधिक श्रद्धालु हरिद्वार रवाना हुए। बढ़ती भीड़ के मद्देनजर रोडवेज ने हरिद्वार के लिए अलग से टिकट काउंटर बनाने की तैयारी शुरू कर दी है।
रविवार को पूर्णिमा पर गंगा स्नान के लिए भी श्रद्धालुओं की भारी भीड़ रही। श्रद्धालु काउंटर नंबर दो पर कतार में लगकर टिकट लेते नजर आए। कांवड़ियों की बढ़ी संख्या को देखते हुए पानीपत डिपो ने हरिद्वार रूट पर बसों की संख्या बढ़ा दी है। जहां पहले रोजाना 30 बसें चलती थीं, वहीं यात्रियों की सहूलियत को देखते हुए 40 बसों को रिजर्व में रखा गया है। यानी बस यात्रियों से भरते ही तुरंत प्लेटफॉर्म पर दूसरी बस लगा दी जाएगी। हरिद्वार जाने वाली बसों में हरिद्वार के अलावा सिर्फ मुजफ्फरनगर और रुड़की की सवारियों को ही बैठाया जा रहा है। कैराना, शामली जैसे छोटे रूट के लिए अलग से बस चलाई गई है, ताकि लंबी दूरी की बसें समय से पहुंच सकें। पानीपत बस अड्डे से सुबह 5:10 बजे से रात 11 बजे तक हरिद्वार जाने के लिए बसें मिलेंगी।
कर्मचारियों के मुताबिक कांवड़ यात्रा शुरू होते ही पानीपत डिपो एक जंक्शन की तरह काम करता है। यहां पानीपत के आसपास के 200 किलोमीटर तक के जिलों से श्रद्धालु पहुंचते हैं। फिलहाल सोनीपत, रोहतक, भिवानी, दादरी, जींद, हिसार, सिरसा जिले के यात्री पानीपत पहुंच रहे हैं। यहां से बसों में सवार होकर कांवड़िये आगे की यात्रा पर निकलते हैं।
भिवानी के तोशाम निवासी जगरूप ने बताया कि वे 14 अन्य साथियों संग कांवड़ लेने हरिद्वार जा रहे हैं। 60 साल के करीब उम्र होने के बाद भी उन्हें कांवड़ लाने में कोई परेशानी नहीं होती। पिछले पांच साल से कांवड़ ला रहे हैं। हर साल बोल बम का जाप करते हुए कब हरिद्वार से गांव तक पहुंच जाते हैं, पता ही नहीं चलता।
सोनीपत के बड़वासनी गांव की रहने वाली नरेश ने बताया कि वह पूर्णिमा पर गंगा स्नान करने जा रही हैं। गांव की तीन अन्य महिलाएं साथ में हैं। बुढ़ापे में गंगा स्नान व दान-पुण्य कर परिवार की खुशहाली के लिए दुआएं करेंगी। मोह, माया का लालच त्याग अब बस प्रभु की भक्ति ही करनी है।
हरिद्वार के लिए बसों की कोई कमी नहीं है। सावन मेले के लिए अतिरिक्त बसों के परमिट लिए गए हैं। यात्रियों की सुविधा के लिए जरूरत पड़ने पर और परमिट लिए जाएंगे।
- कुलदीप जांगड़ा, महाप्रबंधक, रोडवेज डिपो पानीपत।