पानीपत। अंसल में बिजली समस्या के समाधान की मांग को लेकर धरने पर बैठीं एडवोकेट सुरभि शर्मा को पुलिस ने शनिवार को दिनभर थाने में नजरबंद रखा। उन्हें करीब चार घंटे बाद शांति बनाए रखने के निवेदन पर छोड़ा। पुलिस को उनके सेक्टर 13-17 में आयोजित तीज महोत्सव में शामिल होने की सूचना थी। हालांकि धरनारत अंसलवासियों ने सीएम से मिलने की बात कही थी।
पुलिस ने सुरभि शर्मा को शनिवार सुबह 11 बजे हिरासत में ले लिया। उन्हें अंसल स्थित सेक्टर-13-17 स्थित थाने में ले जाया गया। यहां उनके साथ दिनभर महिला पुलिसकर्मी तैनात रही। उन्हें दोपहर बाद करीब तीन बजे पूछताछ के बाद थाने से छोड़ा। उस समय मुख्यमंत्री का कार्यक्रम संपन्न होने के बाद छोड़ा गया। परिजनों का कहना है कि पुलिस शनिवार सुबह आठ बजे ही उनके घर पर नजर रखे हुए थी। दूसरी और महाेत्सव में 35 प्रकार के पकवान बनाए गए थे। अंसल की महिलाओं ने इनका बहिष्कार करने के लिए भूख हड़ताल रखी। पहले दिन अंसल के 18 लोग भूख हड़ताल पर बैठे। वे अब बेमियादी भूख हड़ताल जारी रखेंगे। उत्सव के विरोध स्वरूप अंसलवासियों ने काली पट्टी बांध कर रखी। एक महिला ने सरकार के खिलाफ एक कविता भी लिख दी। इससे प्रेरित होकर अंसल के बच्चे भी धरनास्थल पर आ गए। बच्चे रविवार को धरनास्थल पर नारे और कविता लिखेंगे।
अंसल बचाओ संघर्ष समिति के बैनर तले अंसल वासियों ने 10 दिन पहले बिजली पानी के लिए बेमियादी हड़ताल शुरू की थी। यहां की निवासी एडवोकेट सुरभि शर्मा पहले दिन से हड़ताल में सक्रिय हैं। उनके पास तमाम तथ्य हैं, जो अंसलवासियों के हक में हैं। सुरभि ने बताया कि पुलिस कानून-व्यवस्था बनाए रखने के उद्देश्य से मुझे सेक्टर 13-17 थाने लेकर गई थी। इस दौरान महिला पुलिसकर्मी भी मौजूद रहीं। मैं अंसलवासियों के हक की लड़ाई जारी रखूंगी।