पानीपत। रेलवे रोड पर दो दिन पहले दुकान पर कब्जा करने और बाजार प्रधान के साथ पुलिस की बदसलूकी के विरोध में शु्क्रवार को शहर के 55 बाजार प्रधान रेलवे रोड स्थित तोताराम धर्मशाला में एकजुट हुए। इनमें संयुक्त व्यापार मंडल के सभी 52 प्रधानों के साथ संयुक्त व्यापार मंडल समिति के भी तीन प्रधान भी पहुंचे। बैठक में सभी बाजार प्रधानों ने अपना पक्ष रखा और बाजार प्रधान अनिल मदान के साथ बदसलूकी करने वाले पुलिस कर्मचारी को निलंबित करने की मांग की है।
संयुक्त व्यापार मंडल समिति के चेयरमैन, रेलवे रोड बाजार प्रधान अनिल मदान का आरोप है कि रेलवे रोड पर दुकान पर कब्जा करने का मामला पुलिस की मिलीभगत से हुआ था। यहां रोजाना रात को पुलिस गश्त करती है केवल उसी रात को गश्त नहीं की गई। इसके बाद कब्जा करने वालों ने रेलवे रोड पर रात की ड्यूटी पर लगाए गए चौकीदार को कई घंटों तक गाड़ी में बंदूक की नोक पर रखा। पूरे प्रकरण की सीसीटीवी निकाल कर पुलिस को दी जा रही है। इस प्रकरण में पुलिस की ओर से दुकानदार को ही दुकान से बाहर निकाल दिया गया और दुकान पर ताला लगवाया गया। मौके पर लड़ाई झगड़ा नहीं था लेकिन पुलिस के आने के बाद ही विवाद हुआ। क्योंकि पुलिस उनका पक्ष ले रही थी। उन्होंने कहा कि बदसलूकी करने वाले पुलिस कर्मचारी पर कार्रवाई नहीं हुई तो वे संघर्ष शुरू कर देंगे।
बाजार प्रधानों की कमेटी प्रशासनिक अधिकारियों से मिलेगी
बैठक में सभी बाजार प्रधानों ने एक सुर में कहा कि सबसे पहले पुलिस कर्मी के खिलाफ कार्रवाई के लिए दो दिन का इंतजार किया जाएगा। दो दिन में कार्रवाई नहीं हुई तो वे सीधे डीजीपी और आईजी से मिलेंगे। उनसे मिलने के लिए 15 बाजार प्रधानों की एक कमेटी भी बनाई गई है। ये कमेटी आगामी कार्रवाई और रणनीति पर फैसला लेगी और पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों से भी मिलेगी। इसके बाद भी अगर कार्रवाई नहीं हुई तो शहर के सभी बाजार भी बंद किए जा सकते हैं। कमेटी में संयुक्त व्यापार मंडल समिति के प्रधान दर्शन लाल वधवा समेत गौरव लीखा, निशांत सोनी, विक्की कत्याल को शामिल किया गया है। वहीं, रेलवे रोड बाजार से राजेंद्र वर्मा, बिंदू मनोचा, देवेंद्र कात्याल, पप्पू, बाबूराम जैन, जोगीराम गोयल, अमित शर्मा, प्रताप मदान और सुरेश जैन, काबू बजाज, सुंदरलाल को कमेटी में शामिल किया गया है।