माई सिटी रिपोर्टर पंचकूला। सेक्टर-10 की हाउस ओनर्स वेलफेयर एसोसिएशन (होवा) भी अब विभिन्न सेक्टरों की एसोसिएशनों के साथ स्टिल्ट प्लस 4 मंजिला मकानों के निर्माण के खिलाफ हस्ताक्षर अभियान तेज करेगी। इस मामले में विभिन्न सेक्टरों के एसोसिएशनों की एक कोर्डिनेशन कमेटी की बैठक बुलाई जाएगी। इसमें होवा की तरफ से इस मुद्दे को लेकर चलाए जा रहे विरोध अभियान की आगामी रुपरेखा तैयार की जाएगी। होवा का कहना है कि लगभग एक हजार ऐसे मकान हैं, जिनके नक्शे धड़ाधड़ पास कर दिए गए हैं, लेकिन उनका निर्माण अभी शुरु नहीं हुआ है। चेयरमैन भारत हितैषी ने कहा कि एचएसवीपी की तरफ से इन मकानों के नक्शे रद्द किए जाएं ताकि आसपास के लोगों को हवा, पानी, सीवर, धूप की समस्या ना हो। चेयरमैन भारत हितैषी ने आश्चर्य जताकर कहा कि जिन मकानों के नक्शे स्टिल्ट प्लस फोर के लिए पास किए हैं, लेकिन निर्माण शुरू नहीं हुआ, उनके निर्माण पर रोक लगाई जाएगी, लेकिन आदेश में ऐसे निर्माण पर रोक न लगाकर जनता से सरासर अन्याय किया है। उन्होंने कहा कि जिस प्रकार पंचकूला के सेक्टर-20 की सोसायटियों के फ्लैटों के ट्रांसफर होने के 2 साल तक दोबारा बिक्री पर प्रतिबंध होता है, उसी प्रकार स्टिल्ट प्लस फोर के मकानों की दोबारा बिक्री पर 3 साल का प्रतिबंध लगाया जाना चाहिए ताकि बिल्डरों द्वारा आर्थिक मुनाफे के लिए पंचकूलावासियों की निजता, शुद्ध हवा और धूप के अधिकारों का शोषण को रोका जा सके। होवा प्रधान बीएम कौशिक ने कहा कि वर्ष 2017 से पहले वाली नीति को दोबारा लागू कर ढाई मंजिल से अधिक का निर्माण करने की अनुमति न दी जाए। इस अवसर पर भारत हितैषी, कुसुम अरोड़ा, बृजलाल जैन, मुकेश गोयल, डीएन मोगा, शिव कुमार वर्मा, भुवनेश्वर लटावा,सुनील गुप्ता ने मांग की है कि स्टिल्ट प्लस फोर के मकानों के निर्माण पर तुरंत प्रभाव से बैन लगाया जाना चाहिए और बन चुके मकानों की बिक्री पर कम से कम 3 साल का प्रतिबंध लगाया जाना चाहिए।