चंडीगढ़। पंजाब सरकार ने गांवों में पाइप द्वारा पानी की आपूर्ति वाली योजनाओं के लिए विभिन्न जिलों में सोलर पावर एनर्जी सिस्टम लगाने के लिए 60.50 करोड़ रुपये मंजूर किए हैं। इस प्रोजेक्ट के अंतर्गत 1,508 गांवों को कवर करते हुए राज्य के गांवों में 970 जल आपूर्ति योजनाओं के लिए 8.698 मेगावाट की क्षमता वाले सोलर पावर एनर्जी प्लांट (नेट मीटरिंग पर आधारित) लगाए जाएंगे।
जल आपूर्ति एवं स्वच्छता मंत्री ब्रह्म शंकर जिंपा ने कहा कि मुख्यमंत्री भगवंत मान के नेतृत्व वाली सरकार लोगों को बुनियादी सुविधाएं देने के लिए दिन-रात अथक प्रयास कर रही है। सरकार का उद्देश्य है कि लोगों को सुविधाएं प्राप्त करने के लिए किसी किस्म की मुश्किल का सामना न करना पड़े और सभी सुविधाएं लोगों को उनके द्वार पर बिना किसी परेशानी के मिलें।
सोलर प्रोजेक्ट का उद्देश्य बिजली खर्चों के बोझ को घटाकर जल आपूर्ति योजनाओं की वित्तीय स्थिरता और ग्राम पंचायत जल आपूर्ति समितियों (जीपीडब्ल्यूएससी) द्वारा गांवों में जल आपूर्ति योजनाओं के सफल संचालन और प्रबंधन को सुनिश्चित बनाना है। इसके अलावा यह साफ और स्वच्छ ऊर्जा का प्रयोग बढ़ाने के साथ-साथ वातावरण स्थिरता में भी सहायक होगा।
जल आपूर्ति एवं स्वच्छता विभाग के प्रधान सचिव डीके तिवारी ने कहा कि बिजली के आयात और निर्यात के समायोजन के बाद ही बिल की रकम पर बिजली ड्यूटी और चुंगी आदि लगाई जाएगी। अतिरिक्त बिजली पीएसपीसीएल के ग्रिड को आपूर्ति की जाएगी, जिससे बिजली की कमी को दूर करने में मदद मिलती है।
वहीं, जल आपूर्ति एवं स्वच्छता विभाग के प्रमुख मोहम्मद इशफाक ने बताया कि सोलर पावर एनर्जी प्रोजेक्ट की स्थापना के बाद प्रति वर्ष करीब आठ से नौ करोड़ रुपये की बचत होगी।