चंडीगढ़। पंजाब में शिक्षा का स्तर सुधारने के लिए शिक्षा विभाग कई स्तर पर काम कर रहा है। राज्य में 117 नए स्कूल ऑफ एमिनेंस बनाए गए है। वहीं, अब शिक्षकों की भर्ती प्रक्रिया चल रही है। इसके अलावा शिक्षकों को प्रबंधकीय गुर सिखाने के लिए सिंगापुर भेजने की प्रक्रिया भी शुरू होगी। स्कूलों को संवारने के लिए 40 करोड़ की ग्रांट शुक्रवार को जारी की गई। उम्मीद है कि अब सूबा पूरे देश में शिक्षा के क्षेत्र मेें अग्रणी बनेगा।
राज्य के सरकारी स्कूलों में अध्यापकों की कमी को खत्म करने के लिए शिक्षा विभाग ने नई अध्यापक भर्ती शुरू की है। अब तक प्राइमरी स्कूलों के लिए 6635 ईटीटी अध्यापकों और 90 हेड टीचर/सेंटर हेड टीचरों की भर्ती प्रक्रिया लगभग पूरी हो चुकी है। मेरिटोरियस स्कूलों के 90 लेक्चररों के लिए आर्डर दिए जा चुके हैं। मास्टर काडर के 4161 उम्मीदवारों और 598 बैकलॉग भर्ती के उम्मीदवारों को नियुक्ति पत्र दिए जा चुके हैं जिनको जल्द स्टेशन अलाट किए जा रहे हैं। इसी तरह 5994 ईटीटी की भर्ती का काम चल रहा है। नया शैक्षिक सेशन शुरू होने से पहले स्कूलों में किताबें पहुंच गई हैं। सरकार ने पहली बार 66 स्कूल प्रिंसिपलों को सिंगापुर में ट्रेनिंग के लिए भेजा है।
स्कूल शिक्षा मंत्री हरजोत सिंह बैंस ने बताया कि भगवंत मान के नेतृत्व वाली पंजाब सरकार की तरफ से किए गए हैं जनहितैषी कामों को समर्थन देते हुए बड़े स्तर पर अभिवावकों ने प्राइवेट स्कूलों में पढ़ते अपने बच्चों को हटा कर सरकारी स्कूलों में दाखिल करवाया है। उन्होंने बताया विभाग की तरफ से चलाई गई दाखिला मुहिम 2023 के पहले दिन ही एक लाख से अधिक विद्यार्थियों ने सरकारी स्कूलों में दाखिला करवाया है।