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Panchkula News: अमरावती पुल से ओवरहाइट बैरिकेड हटाने के लिए दिया धरना

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संवाद न्यूज एजेंसी
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पिंजौर।
इलाका बचाओ संघर्ष समिति के पदाधिकारियों ने अमरावती पुल पर लगे ओवरहाइट बैरिकेड हटाने के लिए वीरवार को सुबह 11 बजे से धरना प्रदर्शन किया। इस दौरान भाग सिंह दमदमा, जिला परिषद सदस्य प्रतिनिधि गुरचरण अम्बका सहित बड़ी संख्या में लोग अमरावती पुल के समीप सड़क पर बैठ गए और प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की। इस दौरान अमरावती एनक्लेव सहित डीएलएफ वैली के निवासियों को राष्ट्रीय राजमार्ग की ओर आवाजाही करने के लिए हिमशिखा काॅलोनी की तरफ से घूमकर आना पड़ा। शाम साढ़े छह बजे एसडीएम कालका रूचि सिंह बेदी के आश्वासन के बाद इलाका बचाओ संघर्ष समिति ने धरना खत्म किया।
सरपंच देवेंद्र सिंह भट्टी, मयंक लांबा पार्षद, रेखा बाली, कृष्ण सरपंच, करण कंडियाला, हेमराज चौधरी, रमेश नंबरदार, गुरदयाल, रविकांत, राजेंद्र, प्रीतम आदि ने बताया कि इलाका बचाओ संघर्ष समिति का एक प्रतिनिधिमंडल समस्या के समाधान के लिए पहले उपमंडल अधिकारी से मिला था लेकिन उनकी सुनवाई नहीं हुई। इसके अलावा उन्होंने प्रशासन को चेतावनी दी थी। उनकी सुनवाई नहीं हुई तो वे वीरवार सुबह 11 बजे अमरावती एनक्लेव, भगवानपुर संपर्क मार्ग पर धरने देने बैठ गए।
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पुल ठीक होने पर नहीं हटाए जा रहे बैरिकेड्स
उन्होंने बताया कि चार महीने पहले आई बाढ़ के कारण अमरावती पुल का कुछ हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया था। पुल की मरम्मत के दौरान सुरक्षा कारणों के चलते अमरावती पुल पर ओवरहाइट बैरिकेड्स लगाकर भारी वाहनों की आवाजाही प्रतिबंधित कर दी गई थी। अब पुल की मरम्मत की जा चुकी है। क्षतिग्रस्त पुल भी ठीक हो चुका है लेकिन ओवरहाइट बैरिकेड्स नहीं हटाया गया। उन्होंने मुख्यमंत्री के माध्यम से रायतन क्षेत्र के लिए पंचकूला से केदारपुर तक की बस मंजूर करवाई थी, जिसका रूट अमरावती पुल से है। अमरावती पुल पर लगे ओवरहाइट बैरिकेड्स की वजह से इस रूट पर अभी तक बस सेवा शुरू नहीं हो पाई है। इस कारण पंचकूला जाने वाले स्कूली, कॉलेज के विद्यार्थियों सहित गांववासियों को परेशानी उठानी पड़ रही है। उन्होंने बताया कि यह मार्ग आगे करीब 40 गांवों को राष्ट्रीय राजमार्ग से जोेड़ता है।
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अधिकारियों ने दिया आश्वासन
भाग सिंह दमदमा ने बताया कि शाम साढ़े छह बजे एसडीएम कालका रूचि सिंह बेदी सहित अन्य प्रशासनिक अधिकारियों ने उन्हें आश्वासन दिया कि मिनी बस एवं एंबुलेंस की आवाजाही शुक्रवार से सुनिश्चित कर दी जाएगी। अन्य वाहनों की आवाजाही 15 दिन के बाद क्षतिग्रस्त पुल के सही होने की रिपोर्ट आने पा शुरू की जाएगी। मौके पर भीम सैन सरपंच ढालुवाल, गुरदेव सरपंच चिक्कन, हरविंदर, राजेंद्र, बिल्ला चपेहर, बिल्लू चिक्कन, दीपी, नीतीश, रवि, निर्मल दमदमा आदि क्षेत्रवासी मौजूद रहे।
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