चंडीगढ़। मनीमाजरा में मौजूद मोटर मार्केट में अवैध अतिक्रमण के चलते लोगों को होने वाली परेशानी को लेकर दाखिल जनहित याचिका पर पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने प्रशासक के सलाहकार, निगम आयुक्त, चीफ आर्किटेक्ट व एस्टेट ऑफिसर को इस मामले में जवाब दाखिल करने का आदेश दिया है।
याचिका दाखिल करते हुए जीरकपुर निवासी देवांश खन्ना ने हाईकोर्ट को बताया कि वह रोजाना मोटर मार्केट से होकर गुजरते हैं और यहां पर ट्रैफिक समस्या का सामना करना पड़ता है। मोटर मार्केट में मौजूद वेंडरों व मैकेनिकों ने फुटपाथ, पार्किंग व मार्केट के बरामदों में अपनी पेटियां लगाई हुईं हैं।
इसके अलावा पूरी पार्किंग ठीक होने के लिए आने वाले वाहनों से भरी रहती है। मुख्य मार्ग के दोनों ओर भी रिपेयर के लिए आए बस, जेसीबी, ट्रक व अन्य वाहन खड़े रहते हैं। इनके कारण आम लोगों का इस मार्ग से निकल पाना तक मुश्किल हो जाता है। याची ने बताया कि इलेक्ट्रिक का काम भी पार्किंग आदि में किया जा रहा है और यदि कोई हादसा होता है तो उस स्थिति में लोगों के पास वहां से भाग कर जान बचाने के लिए कोई मार्ग तक मौजूद नहीं होगा।
इसके साथ ही पार्किंग में एक्सीडेंटल वाहनों की भी लाइन लगी रहती है और इनके बिखरे हिस्से लोगों के लिए जान का खतरा पैदा कर सकते हैं। अवैध अतिक्रमण के कारण ट्रैफिक व्यवस्था की स्थिति इतनी खराब हो गई है कि यदि कोई आग की घटना हो जाए तो फायर ब्रिगेड का वहां समय पर पहुंच पाना बहुत मुश्किल है। यही हाल मेडिकल इमरजेंसी की स्थिति में बन सकते हैं।