माई सिटी रिपोर्टर
पंचकूला। सूरजपुर पीएचसी के अधीनस्थ क्षेत्रों में शनिवार को 20 सर्वे टीमों को 622 जगह डेंगू का लारवा मिला है। टीम ने क्षेत्र के 4419 घरों और 30337 पानी के कंटेनर की जांच की। इस दौरान 256 घरों और 366 कंटेनर में लारवा मिला। विभाग ने सबको नोटिस दिया है। क्षेत्र में पीएचसी पिंजौर, पीएचसी सूरजपुर, पीएचसी कोट और अर्बन पंचकूला के हेल्थ सुपरवाइजर, एमपीएचडब्ल्यू, आशा वर्कर और ब्रीडर चेकर्स की ड्यूटी लगाई गई थी।
सूरजपुर से आज तक 42 डेंगू के मामले सामने आ चुके हैं। जिले में अब तक 164 मामलों की पुष्टि हो चुकी है। शनिवार को नगर निगम और स्वास्थ्य विभाग की टीमों ने इस्लाम नगर के पास लोगों को एकत्रित किया। पीएचसी पिंजौर के सीनियर मेडिकल ऑफिसर डॉक्टर राजेश ख्यालिया और पंचकूला जिला मलेरिया अधिकारी डॉक्टर सुरेश भोसले ने लोगों को संबोधित किया। सूरजपुर पीएचसी इंचार्ज डॉक्टर प्रशांत भी इस मौके पर मौजूद रहे।
टीमों ने यहां भी किया दौरा :
स्वास्थ्य कर्मचारियों ने डीएलएफ, अमरावती, कंस्ट्रक्शन साइट्स, इस्लाम नगर पंगा, इस्लाम नगर, विराट नगर, भगवानपुर, नग्गल सोढ़ी में डेंगू से बचाव के लिए सोर्स रिडक्शन एक्टिविटी की और लारवा मिलने पर लोगों को नोटिस दिया। इसके अलावा लारवा नाशक दवाई का छिड़काव भी किया गया। अतिरिक्त डीएलएफ की कंस्ट्रक्शन साइट्स व इस्लाम नगर में फॉगिंग भी की गई।
इस काम के लिए के लिए पांच हेल्थ सुपरवाइजर, 20 एमपीएचडब्ल्यू, 20 आशा वर्कर्स व 45 ब्रीडर चेकर्स यानी कुल 90 स्वास्थ्य कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई गई थी। अमरावती, डीएलएफ व आसपास के गांव में 82 ग्रुप मीटिंग के माध्यम से डेंगू से बचाव के बारे में जानकारी दी गई। इन सभी गतिविधियों को एनएचएम के डिप्टी डायरेक्टर डॉक्टर सुरेश भोंसले के निर्देशानुसार कार्य किया। डॉक्टर सुरेश भोंसले को विशेष तौर पर पिंजौर, कालका, सूरजपुर व अर्बन पंचकूला में डेंगू रोकथाम के लिए नोडल ऑफिसर लगाया गया है।