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मैंने रेत खदानों और ढाबों में शेयर खरीदने के लिए नहीं बेची पंजाब की सार्वजनिक संपत्ति: सीएम

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चंडीगढ़। मुख्यमंत्री भगवंत मान ने शुक्रवार को पंजाब में आगामी लोकसभा चुनाव के लिए श्री फतेहगढ़ साहिब से चुनाव अभियान की शुरुआत की। मुख्यमंत्री मान ने जनसभा को संबोधित करते समय शिअद अध्यक्ष सुखबीर बादल पर सियासी हमला बोला। मान ने कहा कि मैंने परिवहन, रेत खदानों और ढाबों में शेयर खरीदने के लिए पंजाब की सार्वजनिक संपत्तियों को नहीं बेचा। मैंने पंजाब के लोगों को मुफ्त बिजली देने के लिए एक थर्मल पावर प्लांट खरीदा। मैं एक सफल कलाकार था। अगर मुझे सिर्फ पैसा चाहिए होता तो मैं मनोरंजन के क्षेत्र में खूब पैसा कमा सकता था। हम हर खेत को नहरी पानी देने के लिए नई नहरें बना रहे हैं, ताकि भूजल बचाया जा सके। आज पंजाब के कोने-कोने में नहर का पानी पहुंच रहा है। कहीं-कहीं 30 साल बाद सिंचाई का पानी उपलब्ध कराया गया। पंजाब में हमारी सरकार ने भ्रष्टाचार पर अंकुश लगाया। लोगों को राशन और सरकारी सेवाएं उनके दरवाजे पर मिल रही हैं। हमने अपने बुजुर्गों के लिए मुफ्त तीर्थयात्रा योजना शुरू की।
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मान ने कहा कि कुछ काम ऐसे होते हैं जिन्हें मनुष्य करता है और उसे लगता है कि उसके जीवन का लक्ष्य पूरा हो गया है। वह इसके अलावा कुछ और नहीं मांग सकता। 27 दिसंबर 2018 को मेरे साथ भी ऐसा ही हुआ था। मैंने तत्कालीन स्पीकर सुमित्रा महाजन से कहा था कि सदन को साहिबजादों को श्रद्धांजलि देनी चाहिए क्योंकि दिसंबर महीने के आखिर में उनका शहीदी सप्ताह होता है। उन्होंने मुझसे एक लिखित प्रस्ताव मांगा और मैंने उसे प्रस्तुत कर दिया। 27 दिसंबर को सदन की कार्यवाही गुरु गोबिंद सिंह के छोटे साहिबजादे को श्रद्धांजलि देकर शुरू की गई। वो एक ऐतिहासिक दिन था। अब ये रिकॉर्ड में है। हर साल चाहे आज से कितने भी साल बाद 27 दिसंबर को संसद छोटे साहिबज़ादे की शहादत को श्रद्धांजलि देने के बाद अपना काम शुरू करेगी।
उन्होंने कहा कि तथाकथित पंथक पार्टी के नेताओं ने कभी भी संसद से हमारे साहिबजादों को श्रद्धांजलि देने के लिए नहीं कहा क्योंकि या तो वे निर्वाचित होने के बाद संसद में नहीं जाते या फिर केवल अपने निजी स्वार्थों के लिए वहां जाते हैं। इस कार्यक्रम में आप विधायक रुपिंदर सिंह हैप्पी (बस्सी पठाना), लखबीर सिंह राय (फतेहगढ़ साहिब), गुरिंदर सिंह गैरी वड़िग (अमलोह), तरुणप्रीत सिंह सोंढ (खन्ना), जगतार सिंह (समराला), हरदीप सिंह मुंडियां (साहनेवाल) और हाकम सिंह ठेकेदार (रायकोट) भी उपस्थित रहे।
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