चंडीगढ़। पंजाब में नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया (एनएचएआई) की धीमी गति से चल रही सभी परियोजनाओं को रफ्तार देने के लिए पंजाब के राज्यपाल गुलाब चंद कटारिया ने अब खुद मोर्चा संभाल लिया है। वे इन परियोजनाओं के काम में तेजी लाने के लिए केंद्र व राज्य सरकार के बीच समन्वय का काम करेंगे। उन्होंने सोमवार को इन परियोजनाओं को लेकर एनएचएआई, रेलवे अधिकारियों, एयरपोर्ट अथॉरिटी और बीएसएनएल के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की। बैठक में कहा कि वह हर तीन माह बाद केंद्रीय परियोजनाओं की प्रगति को लेकर एक समीक्षा बैठक करेंगे। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि बिना किसी देरी के इन परियोजनाओं को पूरा किया जाना चाहिए। अगर किसी भी परियोजनाओं को लेकर कोई समस्या आती है तो तुरंत उन्हें बताया जाए, वह केंद्र व राज्य सरकार की मदद से उस समस्या को हल करवाएंगे।
बता दें कि एनएचएआई पंजाब में 3263 करोड़ रुपये की 104 किलोमीटर की परियोजनाओं को रद्द कर चुका है। साथ ही हाल ही में केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने सीएम भगवंत मान को पत्र लिखकर प्रदेश में कानून व्यवस्था का हवाला देकर आठ और परियोजनाओं को रद्द करने की चेतावनी दी थी। उन्होंने जालंधर और लुधियाना में एनएचएआई के अधिकारियों व ठेकेदारों पर हुए हमलों पर अपनी चिंता जाहिर की थी।
इस सब के बाद ही अब राज्यपाल कटारिया ने अधिकारियों की बैठक बुलाने का फैसला लिया। बैठक में राज्यपाल ने कहा कि समय-समय पर सभी परियोजनाओं की प्रगति के बारे में उन्हें लिखित रूप से भी सूचित किया जाना चाहिए, ताकि समय रहते वह परियोजनाओं के रास्ते में आ रही बाधा को दूर कर सकें।
जम्मू-तवी ट्रेन प्रतिदिन चलाने का तैयार करें प्रस्ताव :
राज्यपाल ने कहा कि उदयपुर-चंडीगढ़-जम्मू पर्यटन के लिए बहुत महत्वपूर्ण शहर हैं, जिसे देखते हुए जम्मू-तवी ट्रेन को प्रतिदिन चलाने का प्रस्ताव तैयार किया जाना चाहिए। साथ ही उन्होंने नए बन रहे अमृत स्टेशनों और नई रेलवे लाइनों की प्रगति की भी समीक्षा की। राज्यपाल ने चंडीगढ़ में बढ़ती ट्रैफिक की समस्या का जिक्र करते हुए एनएचएआई के अधिकारियों से कहा कि पंचकूला को शिमला से जोड़ने वाले और माजरी को बद्दी से जोड़ने वाले राष्ट्रीय राजमार्गों के निर्माण से यह समस्या काफी हद तक नियंत्रित हो जाएगी।
नई रोड से चंडीगढ़ की एयरपोर्ट से 10 किमी दूरी होगी कम :
बैठक के दौरान एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया के अधिकारियों ने शहीद भगत सिंह अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे को चंडीगढ़ से सीधे जोड़ने वाली प्रस्तावित सड़क के बारे में जानकारी साझा की। उन्होंने कहा कि इस सड़क के निर्माण से चंडीगढ़ से हवाई अड्डे की दूरी 10 किमी कम हो जाएगी। इस अवसर पर बीएसएनएल के अधिकारियों ने भी राज्यपाल को अपनी चल रही परियोजनाओं के बारे में जानकारी दी।
बैठक में अतिरिक्त मुख्य सचिव राज्यपाल के. शिव प्रसाद, डीआरएम अंबाला एमएस भाटिया, डीआरएम फिरोजपुर संजय साहू, सीजीएम बीएसएनएल पंजाब अजय कुमार, रीजनल ऑफिसर एनएचएआई बिपनेश शर्मा और सीईओ सीएचआईएएल अजय वर्मा उपस्थित थे।