पंचकूला। 25-30 की उम्र में बाल सफेद होने की समस्या बढ़ रही है। राष्ट्रीय आयुर्वेद संस्थान, पंचकूला के शोध के अनुसार फास्ट फूड, तैलीय-मसालेदार भोजन, अत्यधिक तनाव और विटामिन बी-12 व डी की कमी इसके प्रमुख कारण हैं। द्रव्य गुण विभाग के असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. मनीष पमनानी ने बताया कि आयुर्वेद में इसे ‘पालित्य’ कहा जाता है और यह वात-पित्त जन्य समस्या है। बालों का रूखापन, मुंह के छाले और कमजोरी इसके शुरुआती संकेत हो सकते हैं। संस्थान में हर बुधवार और शनिवार को हेयर स्पेशल क्लीनिक चल रही है। डॉ. पमनानी ने संतुलित आहार और बेहतर दिनचर्या अपनाने की सलाह दी। उन्होंने भृंगराज, ब्राह्मी और तिल तेल के प्रयोग को उपयोगी बताया, लेकिन औषधि लेने से पहले चिकित्सकीय सलाह जरूरी है।