माई सिटी रिपोर्टर
पंचकूला। डेंगू का कहर लगातार बढ़ रहा है। अब तक जिले में 1042 मामले सामने आ चुके हैं। इसे लेकर अब शहर के सरकारी और प्राइवेट ब्लड बैंक में बिना डोनर के प्लेटलेट्स मिलने में लगातार परेशानी आ रही है। शहर के प्राइवेट ब्लड बैंक में बिना डोनर ब्लड नहीं मिल रहा है। इस कारण अब प्लेटलेट्स के लिए लोग तीमारदार अपने मरीज प्राइवेट अस्पताल में भर्ती करने के बाद ट्रस्ट और ब्लड बैंक के चक्कर लगा रहे हैं। वहीं शहर के सेक्टर -6 सिविल अस्पताल में हर बेड पर दो मरीज से फुल हो चुके हैं। इस कारण लोगों को लगातार परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। अमर उजाला टीम की ओर से पड़ताल की गई। इसमें प्राइवेट ब्लड बैंक में अलग अलग रेट मिले। इसमें मरीजों को डोनर लाने के बाद लोगों को नौ से साढ़े ग्यारह हजार रुपये खर्च करना पड़ रहा है।
9800 रुपये में डोनर लाने के बाद निकल रहा है प्लेटलेट्स
अमर उजाला ने पंचकूला वेलफेयर ट्रस्ट एमडीसी -4 की हेल्पलाइन नंबर पर फोन किया। यहां बताया गया कि डेंगू से बचाव के लिए एक यूनिट प्लेटलेट्स के लिए 9800 रुपये डोनर लाने के बाद लिए जा रहे हैं। इसके बाद प्लेटलेट्स के लिए आने वाले मरीज रूपेश कुमार ने बताया कि उनकी मां सेक्टर -21 निजी अस्पताल में भर्ती हैं। इसके लिए वहां पर उन्हें ब्लड बैंक नहीं होने पर प्लेटलेट्स के लिए डोनर लेकर आना पड़ा। इसके बाद उन्हें समस्या हुई है।
साढ़े ग्यारह हजार का मिल रहा प्लेटलेट्स
अमर उजाला टीम ने शहर के सेक्टर-21 स्थित निजी अस्पताल में फोन कर जानकारी ली। इसमें भी डोनर लाने के बाद एक यूनिट प्लेटलेट्स ग्यारह हजार रुपये देने की बात कही गई। वहीं सेक्टर-22 स्थित निजी अस्पताल में ब्लड बैंक में भी डोनर लाने के बाद प्लेटलेट्स देने की बात कही है। इसमें भी सिंगल डोनर प्लेट के माध्यम से ग्यारह हजार रुपये लेने की बात कही गई है।
रोजाना डोनर मदद के लिए भेज जा रहे
श्री शिव कांवड़ महासंघ के प्रेसिडेंट राकेश कुमार संगर ने बताया कि रोजाना प्लेटलेट्स कम होने पर दस से ज्यादा लोगों को ट्राइसिटी के अस्पताल में डोनर संस्था की तरफ से भेजे जा रहे हैं। संस्था की ओर से लोगों को ब्लड ग्रुप के लोग उपलब्ध कराए जा रहे हैं। प्लेटलेट्स निकालने के लिए सिंगर डोनर प्लेट का इस्तेमाल होता है। इसकी फीस लोगों को देनी होती है। मेरी लोगों से अपील है कि लोग प्लेटलेट्स दें।
स्वास्थ्य विभाग की ओर से प्राइवेट अस्पतालों के लिए रेट नौ से 11 हजार रुपये निर्धारित किया गया है। इसके ज्यादा अगर कोई चार्ज करेगा तो उस पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। डेंगू के मरीज बढ़ने के बाद प्राइवेट अस्पतालों को निर्देश जारी किए गए हैं कि प्लेटलेट्स में ओवर चार्जिंग नहीं करेंगे। मरीजों की संख्या बढ़ने के बाद प्लेटलेट्स की डिमांड बढ़ी है। - डॉ. मुक्ता कुमार, सीएमओ, सिविल अस्पताल सेक्टर -6